
नैनवां. दुगारी में बाढ़ में बहने से सीसी अब ग्रेवल सड़क रह गई।
नैनवां. उपखण्ड के दुगारी गांव में कनकसागर बांध की चादर के पानी से आई बाढ़ में बही सीसी सड़कों व पुलियाओं की मरम्मत नहीं करा पाया। मरम्मत नहीं होने से आठ माह बाद भी गांव की टूटी सड़कें व पुलिया बाढ़ से पड़े गड्ढों के घाव जैसे के तैसे ही है, लेकिन इन घावों पर मरम्मत का मल्हम लगाने के लिए एक पाई भी नहीं मिल पाई।
गांव के ऊपर बना कनकसागर में पानी की ज्यादा आवक हुई थी, जिससे 25 अगस्त को बांध ओवरफ्लो होने के बाद चादर का पानी गांव में घुस गया था। गांव में होकर लगातार 15 दिन तक बाढ़ की स्थिति बनी रही थी। पानी मुख्य सड़क व गलियों में होकर बहने से सीसी सड़क में गहरे गड्ढे पड़ गए और पुलिया भी बह गई थी।
राजीव सेवा केंद्र के बाहर तो लगभग बीस फीट सीसी सड़क का नामो निशान तक नहीं बचा था। नहर की पुलिया भी बह गई थी, जिससे गांव में कई घरों का रास्ता अवरुद्ध हो गया था। बाढ़ से गांव के लिए बनी आपदा की स्थिति अब भी वैसी ही बनी हुई है। गांव के लोगों का कहना है कि बरसात से पहले सड़क व पुलिया की मरमत नहीं हुई है। बांध लबालब हो रहा है। दो माह बाद बरसात आने वाली है, जिससे बांध ओवरलो होते ही चादर चलते ही फिर बाढ़ के हालात बन जाएंगे।
सबको बता चुके गांव के हाल
दुगारी के सरपंच रामलाल खींची ने बताया कि सड़कों की मरम्मत कराने के लिए आठ माह से लगातार शासन व प्रशासन को लिखते आ रहे है, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो रही। शासन-प्रशासन को लिखे पत्रों की फाइल दिखाते हुए बोले कि मुख्यमंत्री से लेकर प्रधान तक व मुख्य सचिव से लेकर उपखण्ड अधिकारी तक को गांव में बाढ़ से हुई स्थिति को बता चुके है, लेकिन किसी ने भी नही सुनी। जबकि प्रभारी मंत्री, सांसद, विधायक, जिला कलक्टर गांव में बाढ़ के हालात देखने आए थे। पंचायत की निजी आय से सीसी सड़क पर झिकरा डालकर घरों तक आने-जाने का रास्ता तो बना दिया। बरसात में झिकरा बहते ही रास्ता बंद हो जाएगा।
Published on:
25 Apr 2025 06:36 pm
बड़ी खबरें
View Allबूंदी
राजस्थान न्यूज़
ट्रेंडिंग
