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Bundi : अब नहीं रहेंगे गेहूं से वंचित, पोर्टल शुरू, जन्मे बच्चे व नए सदस्यों के भी जुड़ेंगे नाम

राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजना (एनएफएसए) के तहत चयनित परिवारों के राशन कार्ड में जिन सदस्य के नाम अब तक जुडऩे से शेष रह गए थे, उनके नाम अब जुडऩे शुरू हो गए है। पूर्व में नाम नहीं जुडऩे से उपभोक्ताओं को परेशानी का सामना करना पड़ता था, लेकिन फिर से नाम जुडऩे से अब इनको सरकार की ओर से मिलने वाले गेहूं से वंचित नहीं होना पड़ेगा।

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Bundi : अब नहीं रहेंगे गेहूं से वंचित, पोर्टल शुरू, जन्मे बच्चे व नए सदस्यों के भी जुड़ेंगे नाम

बूंदी. रसद विभाग कार्यालय में कम्प्यूटर में आवेदन देखते हुए अधिकारी।

बूंदी. राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजना (एनएफएसए) के तहत चयनित परिवारों के राशन कार्ड में जिन सदस्य के नाम अब तक जुडऩे से शेष रह गए थे, उनके नाम अब जुडऩे शुरू हो गए है। पूर्व में नाम नहीं जुडऩे से उपभोक्ताओं को परेशानी का सामना करना पड़ता था, लेकिन फिर से नाम जुडऩे से अब इनको सरकार की ओर से मिलने वाले गेहूं से वंचित नहीं होना पड़ेगा।
उपभोक्ता को विभागीय पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदन करना होगा। वर्ष 2025 से नाम जुडऩा शुरू होने के बाद अब तक 24 हजार 493 राशन कार्ड (आवेदन किए) जुडऩे के साथ 17 हजार 523 नाम जुड़ चुके है।

सरकार की ओर से यह प्रक्रिया पुन: शुरू होने से हजारों परिवारों को राहत मिलेगी। इसमें विशेषकर जिनके यहां बच्चे जन्मे है या विवाह के बाद परिवार में नए सदस्य जुड़े हैं। उनके भी अब नाम आसानी से ऑनलाइन आवेदन करने से जुड़ जाएगें। इधर, केवीआईसी के मामले में विभाग प्रदेश में टॉप-5 में बना हुआ है। जिले की अब तक 96.55 प्रतिशत हो चुकी है।

पोर्टल पर करना होगा ऑनलाइन आवेदन
विभाग के अधिकारियों के अनुसार परिवार का कोई भी सदस्य विभाग के पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदन कर सकता है। शेष सदस्यों के नाम जन आधार एपीआई के माध्यम से राशन कार्ड में जोड़े जाएंगे। यदि जुडऩे वाले सदस्य के नाम पर एलपीजी गैस कनेक्शन है तो उसकी एलपीजी आईडी का विवरण भी आवेदन में दर्ज करना होगा। आवेदन जिला रसद अधिकारी, विकास अधिकारी अथवा अधिशासी अधिकारी के स्तर से अनुमोदित होने के बाद संबंधित सदस्य का नाम खाद्य सुरक्षा योजना मेंं जोड़ा जाएगा। इसके बाद 90 दिनों के भीतर सभी नए जुड़े सदस्यों की ई-केवाईसी कराना अनिवार्य होगा, ताकि उन्हें योजना का लाभ निर्बाध रूप से मिल सके।

नाम जुडऩे के साथ मिलेगी सुविधा
प्रवर्तन अधिकारी महकरण ङ्क्षसह के अनुसार इस व्यवस्था का उद्देश्य आमजन को सुविधा देना और पारदर्शिता बढ़ाना है। योजना के तहत जो नाम जुडऩे शेष रह गए थे,वे नाम जुड़ रहे है। पूर्व में वर्ष 2022-23 में जो आवेदन किए गए थे उनमें करीब 13 हजार नाम जोड़े गए थे। उसके बाद से पोर्टल बंद हो गया था। अब 2025 में पोर्टल शुरू होने के सााथ ही राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजना के पात्र लाभार्थियों को समय पर पूरा अनाज और अन्य सामग्री प्राप्त करने में सुविधा होगी।

राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजना के अंतर्गत चयनित परिवारों के राशन कार्ड में शेष रह गए सदस्यों के नाम जोडऩे की प्रक्रिया शुरू हो गई है। पोर्टल शुरू होने तक अब तक जिन्होंने आवेदन किए 25 हजार 493 राशन कार्ड बन चुके है। जिनमें 17 हजार 523 नए नाम जोड़े गए, जिनको भी अब योजना के तहत मिलने वाले राशन का लाभ मिलेगा। इसके लिए उपभोक्ता को ऑनलाइन आवेदन करना होगा। वे निर्धारित प्रक्रिया के तहत आवेदन कर सकते हैं। पात्रता की जांच के बाद संबंधित सदस्यों को राशन कार्ड में जोड़ा जाएगा।
देवराज रवि, जिला रसद अधिकारी, बूंदी