14 मार्च 2026,

शनिवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

बच्चों की परखी जाएगी वैज्ञानिक क्षमता, स्पर्धाओं में कड़ा मुकाबला होगा

अब पीएम श्री स्कूलों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों की वैज्ञानिक समझ और तार्किक क्षमता का भी मूल्यांकन होगा।

2 min read
Google source verification

बूंदी

image

pankaj joshi

Jul 30, 2025

बच्चों की परखी जाएगी वैज्ञानिक क्षमता, स्पर्धाओं में कड़ा मुकाबला होगा

स्कूल

बूंदी. अब पीएम श्री स्कूलों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों की वैज्ञानिक समझ और तार्किक क्षमता का भी मूल्यांकन होगा। प्रदेश के 628 पीएम श्री स्कूलों में राष्ट्रीय आविष्कार अभियान के तहत विज्ञान मॉडल और विज्ञान-गणित क्विज प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी। कक्षा 6 से 12वीं तक के विद्यार्थी इन प्रतियोगिताओं में हिस्सा लेंगे और उन्हें कठिन मुकाबले से गुजरना होगा।

इस योजना में बूंदी जिले के 11 पीएम श्री स्कूल भी शामिल हैं। राजस्थान स्कूल शिक्षा परिषद की ओर से इस संबंध में निर्देश जारी किए गए हैं। योजना के तहत 79 पीएम श्री उच्च प्राथमिक विद्यालयों के लिए 7.90 लाख रुपए और 549 पीएम श्री उच्च माध्यमिक विद्यालयों के लिए 54.90 लाख रुपए का बजट आवंटित किया गया है। इससे पुरस्कार और अन्य आवश्यक सामग्री की व्यवस्था की जाएगी।

मौखिक परीक्षा के चार चक्र
प्रथम चक्र: एक सवाल एक बार ही बोला जाएगा; जवाब के लिए 10 सेकंड।
द्वितीय चक्र : सवाल के उत्तर के लिए 20 सेकंड।
तृतीय चक्र : जो विद्यार्थी पहले संकेत करेगा, जवाब उसी का स्वीकार होगा, गलत उत्तर पर 5 अंक कटेंगे।
चतुर्थ चक्र : एक मिनट में 12 सवाल पूछे जाएंगे। अंक समान होने की स्थिति में पुन: त्वरित चक्रहोगा।

शैक्षिक भ्रमण से बढ़ेगी समझ
शैक्षिक भ्रमण बच्चों के लिए शिक्षा को रोचक और व्यवहारिक बनाते हैं। विषय वस्तु को प्रत्यक्ष देखने से उनकी समझ और स्मरण शक्ति दोनों में वृद्धि होती है।

राज्य से राष्ट्रीय स्तर तक मिलेगा मंच
विद्यालय स्तर पर श्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को जिला, राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर मौका मिलेगा। क्विज प्रतियोगिता में विद्यार्थियों के सामने एक मिनट में 12 सवालों के जवाब देने की चुनौती होगी।

प्रतियोगिता में दो वर्ग होंगे
जूनियर वर्ग: कक्षा 6 से 8
सीनियर वर्ग: कक्षा 9 से 12
प्रत्येक प्रतिभागी को 7 मिनट का समय मिलेगा। इसमें 5 मिनट मॉडल प्रस्तुति के लिए और 2 मिनट विषय विशेषज्ञों के साथ प्रश्नोत्तर के लिए निर्धारित हैं।

योजना का उद्देश्य
विद्यार्थियों और शिक्षकों में वैज्ञानिक दृष्टिकोण, रचनात्मकता और विज्ञान, गणित एवं प्रौद्योगिकी के प्रति अभिरुचि विकसित करना।
तकनीक के प्रभावी उपयोग की प्रवृत्ति को बढ़ावा देना।
विज्ञान और गणित को विद्यार्थियों के लिए रोमांचक बनाना और उन्हें खोज की ओर प्रेरित करना।
वैज्ञानिक अंतर्दृष्टि, जिज्ञासा, समझ और वैज्ञानिक संस्कृति को प्रोत्साहित करना।
प्रत्येक स्कूल के विज्ञान/गणित विषय के कम से कम 25 विद्यार्थी शामिल होंगे।

पीएम श्री स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों को राष्ट्रीय आविष्कार अभियान के तहत वैज्ञानिक दृष्टिकोण से परखा जाएगा। कक्षा 6 से 12 तक के लिए कई प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी। राजस्थान स्कूल शिक्षा परिषद से इसके आदेश और बजट प्राप्त हुआ है। जिले के 11 स्कूल इस योजना में शामिल हैं।
दलीप सिंह गुर्जर, अतिरिक्त समन्वयक, समग्र शिक्षा, बूंदी