गोठड़ा. ग्राम पंचायत रोणिजा में चल रहे मनरेगा कार्य में रास्ते में अतिक्रमण करने से आधा दर्जन लोगों ने मनरेगा कार्य को फिर से रुकवा दिया है। इससे आक्रोशित श्रमिकों ने पंचायत भवन पर पहुंचकर पंचायत के ताला लगा दिया।
श्रमिकों ने बताया कि मनरेगा योजना के तहत ग्राम पंचायत रोणिजा मुख्यालय पर सीताराम की जमीन से धन्ना धाबाई के कुएं से होते हुए लुहारिया नहर तक आम रास्ते पर ग्रेवल डालने के कार्य के लिए 19 जून को मस्टररोल स्वीकृत हुई थी। कुछ प्रभावशाली लोगों द्वारा चारागाह भूमि पर अतिक्रमण कर रखा है। जिसके चलते बरसों पुराना रास्ता बंद पड़ा हुआ था। जिओ टेकिंग रास्ते के सर्वे के बाद पंचायत समिति ने रास्ते को बहाल करवाने के लिए मस्टररोल जारी की थी। जिस पर करीब 150 श्रमिक कार्य कर रहे थे। लेकिन चार दिन पूर्व अतिकर्मियों द्वारा रास्ते में कार्य कर रहे श्रमिकों के साथ गाली गलौज एवं मारपीट की धमकी देने के बाद काम को रुकवा दिया था। जिससे नाराज श्रमिक हिण्डोली उपखंड अधिकारी एवं विकास अधिकारी को ज्ञापन सौंप कर मनरेगा कार्य शुरू करवाने की मांग की थी। जिस पर हिण्डोली उपखंड अधिकारी द्वारा दो दिन पूर्व पटवारी को तथ्यात्मक रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए थे।
पटवारी ने मौके पर पहुंचकर अतिकर्मियों से समझाइश कर रिपोर्ट उपखंड अधिकारी को भेज दी थी। मंगलवार से ही ग्राम पंचायत के सहायक सचिव द्वारा पूर्व में जारी मस्टररोल को मेट को नहीं देने से एक दिन तो बिना मास्टररोल के ही श्रमिकों ने कार्य कर दिया लेकिन बुधवार को श्रमिकों ने आक्रोशित होकर मस्टररोल लेने के लिए ग्राम पंचायत भवन पहुंचकर पंचायत के ताला लगा दिया।