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जीएसटी : टिंबर व्यापारी ने फर्जी नंबर लेकर बेचा करोड़ों का माल

  दस करोड़ की निकाली वसूली- पांच करोड़ की पैनल्टी, पांच करोड़ का टैक्स निकाला

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GST: Timber trader sold goods worth crores with fake numbers

GST: Timber trader sold goods worth crores with fake numbers

बुरहानपुर. जीएसटी (गुड्स सर्विस टैक्स) नंबर लेकर फर्जी तरीके से करोड़ों रुपए का व्यापार करने का मामला सामने आया। नेपानगर बस स्टैंड क्षेत्र का पता देकर टिंबर व्यापारी ने जीएसटी में पंजीयन कराया। तीन माह तक करोड़ों रुपए की बिक्री भी जीएसटी पोर्टल पर दिखी। लेकिन टैक्स नहीं भरने पर जब इंदौर का दल मौके पर पहुंचा तो यहां चाय की गुमटी मिली। उसी फर्म के नाम से अफसरों ने दस करोड़ की वसूली निकाली।
दरअसरल सितंबर 2020 में टिंबर व्यापारी ने जीएसटी में पंजीयन कराया। नवंबर तक जीएसटी पोर्टल पर बिक्री का रिटर्न फाइल दिखाता रहा। लेकिन पांच करोड़ के करीब उसका टैक्स होने पर वह इसे भर नहीं रहा था। इंदौर का विशेष दल जब नेपानगर पहुंचा तो मौके पर कोईफर्मनहीं मिली। जिस नाम से पंजीयन था उसी के नाम से अफसरों ने पांच करोड़ की वसूली और पांच करोड़ की पैनल्टी निकालकर दस करोड़ की वसूली जारी की।
अब जिसे माल बेचा उसका लगा रहे पता
जीएसटी पोर्टल पर जिस फर्म को माल बेचना बताया अब उसका पता अफसर लगा रहे हैं। उन्हीं के माध्यम से बेचवाल तक पहुंच सकेंगे। लेकिन मुश्किल यह भी आ रही है कि जिसे माल बेचा वह अन्य राज्यों की फर्म है। अफसर वहीं के स्थानीय कार्यालय में अफसरों से संपर्क कर इसका पता लगाने में जुटे हैं।

ेकेंद्रीय क्षेत्राधिकार में पंजीयन
जीएसटी का पंजीयन रज्य और केंद्रीय क्षेत्राधिकार में पंजीयन होता है। लेकिन इसमें जांच का अधिकार दोनों क्षेत्र के अधिकारियों को रहता है। केंद्रीय क्षेत्राधिकार में इसका पंजीयन हुआ था। राज्य कर विभाग के अफसर इसकी जांच करने पहुंचे तो पूरा मामला सामने आया। इस पूरे मामले के बाद विभागीय अधिकारी इसमें अधिकृत रूप से जानकारी नहीं दे रहे हैं।
बुरहानपुर में जीएसटी एक नजर में
3763 कुल जीएसटी पंजीकृत व्यापारी
1482 केंद्रीय क्षेत्र में दर्ज
2281 राज्य कर में दर्ज