4 नवंबर 2026,

बुधवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

महाराष्ट्र में स्वाईन फ्लू की दस्तक, बुरहानपुर में अलर्ट

जिला अस्पताल व स्वास्थ्य केंद्र में अलग वार्ड बनाने के निर्देश महाराष्ट्र में मिले 414 प्रकरण
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

•

image

Editorial Khandwa

•

Updated: 28 Jul 2017, 1:57 PM IST

Swine flu knock in Maharashtra, alert in Burhanpur

Swine flu knock in Maharashtra, alert in Burhanpur

बुरहानपुर.
पड़ोसी राज्य महाराष्ट्र में स्वाईन फ्लू की दस्तक के बाद बुरहानपुर जिले में अलर्ट जारी कर दिया है। स्वास्थ्य विभाग ने पूरे स्वास्थ्य अमले को बीमारी को लेकर रोकथाम व जानकारी देने के निर्देश देते हुए जिला अस्पताल व सामूदायिक स्वास्थ्य केन्द्र में स्वाईन फ्लू वार्ड बनाने को कहा है। महाराष्ट्र की सीमा से लगे होने के कारण बुरहानपुर से बड़ी संख्या में बसों से लोग आवागमन करते है। ऐसे में बीमारी के जिले में आने की संभावना है।

महाराष्ट्र में अभी तक 414 प्रकरणों में स्वाईन फ्लू की पुष्टी हो चूकी है। सीमएचओ डॉ. डीएस चौहान ने जिला अस्पताल के सिविल सर्जन एवं बीएमओ सहित स्वास्थ्य अमले को सर्तक रहने और संभावित स्वाईन फ्लू के मरीजो की स्क्रीनिंग, निदान, उपचार व रोकथाम के लिए सभी जरूरी तैयारियों रखने के निर्देश दिए है।

अस्पताल में यह होगी व्यवस्था

जिला अस्पताल मे स्वाईन फ्लू के मरीजों के लिए ओपीडी 24 घंटे कार्यरत रहे, संभावित मरीजों की जांच के लिए पल्स ऑक्सीमीटर की व्यवस्था रहेगी। संदिग्ध स्वाईन फ्लू मरीज की भर्ती के लिए आईसोलेशन वार्ड, इसमें 2 से लेकर 4 बेड की व्यवस्था रहेगी। स्वाईन फ्लू की रोकथाम, निदान एवं उपचार के लिए आवश्यक औशधी टेमी-फ्लू एवं अन्य सामग्रीयों व्हीटीएम किट, एन-95 मास्क, ट्रिपल लेयर मास्क और पीपीई किट की समीक्षा कर ब्लाक स्तर तक दवाईयों व जांच सामग्री की व्यवस्था की जाएगी।

स्वाईन फ्लू एच1एन1 है तीव्र संक्रामक बीमारी

जिला महामारी विशेषज्ञ रविन्द्रसिंह राजपूत ने बताया कि स्वाईन फ्लू संक्रामक बीमारी है, यानि एक पीडित से स्वस्थ्य व्यक्ति मे खांसने, छिकने, रोगी की सामग्री इस्तेमाल करने और रोगी के संपर्क मे आने से संक्रमण फैलता है। स्वाईन फ्लू का संक्रमण नाक, कान, गले और आंखो के से आरंभ होकर फेफडों तक पहुंचकर जानलेवा हो सकता है।

- यह है स्वाईन फ्लू के लक्षण

सर्दी, जुकाम खासी, गले मे खराश, सिरदर्द, बुखार के साथ यदि सांस लेने मे अत्यधिक तकलीफ स्वाईन फ्लू के प्रारंभिक लक्षण है। शासकीय अस्पतालों में स्वाईन फ्लू की स्क्रीनिंग, निदान एव ंउपचार निशुल्क उपलब्ध है।

- स्वाईन फ्लू बीमारी से बचाव के उपाय

खांसते, छिकते समय मुहं पर रूमाल रखे, संक्रमण होने एवं संक्रमण से बचने के लिए भीड-भाड से दूर रहे, कम से कम यात्रा करें, संक्रमित को छूने से पहले एवं बाद मे साबुन से हाथ धोये। मरीज से करीब एक मीटर की दूरी बनाए रखे।


महाराष्ट्र में स्वाईल फ्लू के मरीज मिलने के बाद जिले में अलर्ट जारी किया है। जिले में अभी तक कोई मरीज सामने नहीं आया है। महाराष्ट्र से आने वाले सर्दी, खांसी व बुखार के संभावित मरीजों पर नजर रखी जा रही है। जिला बॉर्डर पर लगा होने से रोगियों के आने की संभावना है। इसकी रिर्पोट राज्य शासन को भेजी जा रही है।