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मंच पर बिखेरे लोक कला के रंग

भोपाल के भारत भवन में बुरहानपुर उत्सव

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The folk art color scattered on the stage the photograph of four km

The folk art color scattered on the stage the photograph of four km

बुरहानपुर. भोपाल के भारत भवन मे बुरहानपुर उत्सव का उत्साह चरम पर है। कलाकारों ने अपनी प्रस्तुति से बुरहानपुर की परंपरा और इतिहास को जीवंत कर दिया। उत्सव के दौरान शहर की एतिहासिक धरोहरों, धातुओं की प्रदर्शनी लगाई गई। इसमें शहर के फोटोग्राफर नयन कापडिय़ा द्वारा ताप्ती नदी के चार किमी के घाट को एक ही फोटो में प्रदर्शित किया। इस फोटो को लोगो ने खूब सराहा।
इतिहासकार होशंग हवलदार की ऐतिहासिक इमारतों पर प्रदर्शनी, डॉ. मेजर एमके. गुप्ता की बुरहानपुर क्षेत्र से मिले अवशेषों सहित अन्य ऐतिहासिक धातु की प्रतिमाओं, सील, मुगल टकसाल पर को प्रदर्शित किया। शालिकराम चौधरी ने कुंडी भंडारा की तकनीक बताई।
भोपाल के भारत भवन में संस्कृति विभाग द्वारा कार्यक्रम कराया जा रहा है। महिला एवं बाल विकास मंत्री अर्चना चिटनीस की पहल पर भोपाल में बुरहानपुर उत्सव की शुरुआत हुई है। ्रप्रदर्शनी में लोग जुट रहे हैं। बुरहानपुर से जुड़ी रोचक जानकारियां हासिल कर रहे हैं। लोग शहर के इतिहास को अध्ययन कर रहे हैं। लेखक बलराज नावानी द्वारा लिखी गई पुस्तक पौराणिक ब्रघ्नपुर आज का बुरहानपुर का अध्ययन कर जानकारियां जुटाई।
उत्सव में शाम के सत्र में शास्त्रीय गायन, लोक संस्कृति आधारित नृत्य और संगीत कार्यक्रमों की प्रस्तुति हुई। शास्त्रीय गायक तुकाराम पाटिल ने प्रस्तुति दी। गायन में सीताराम चौधरी ने हारमोनियम और गोपाल पाटिल ने तबले पर संगत दी। कीर्तनकार कैलाश यावतकर और पंढरीनाथ पाटिल की प्रस्तुति के साथ दिलीप कटियारे के भजन और मुकेश दरबार के समूह द्वारा आदिवासी नृत्य की प्रस्तुति दी गई। बलवंत पौराणिक ने गीतकांच तरंग और चंचल कुशवाह ग्र्रुप ने गुजराती गरबा और अश्विनी टेमले ने मुक्ताकाश मंच पर रंगारंग प्रस्तुति दी। महिला एवं बाल विकास मंत्री अर्चना चिटनीस ने कहा भोपाल में तीन दिनी बुरहानपुर उत्सव में व्यंजन और मनोरंजन से शहर को देश में प्रसिद्धी दिलाने के लिए सभी ने खूब मेहनत की है।
बीयू२३१५ : गुजराती गरबा की दी प्रस्तुति।
बीयू२३१६ : आदिवासी लोक नृत्य ने बिखेरे बुरहानपुर की संस्कृति के रंग।