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अमानत में खयानत के आरोपित को तीन साल की सजा

500 रुपए का अर्थदंड
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Editorial Khandwa

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Updated: 28 Jul 2017, 1:46 PM IST

Three year sentence

Three year sentence

बुरहानपुर.
अमानत में खयानत का अपराध करने वाले एक आरोपी को 3 वर्ष के सश्रम कारावास और 500 रुपए के अर्थदंड से दंडित किया है। यह सजा प्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट हीरालाल अलावा की अदालत ने सुनाई।

एडीपीओ प्रकाश सोलंकी ने बताया कि आदिम जाति सेवा सहकारी समिति ताजनापुर में पदस्थ आरोपी अरुण पिता रामप्रल्हाद वाजपेयी ने 1999 से 2001 के बीच सेल्समेन रहते हुए संस्था के रुपयों का बेमानी पूर्वक दुर्विनियोग करते हुए शासकीय राशी, अनाज, शकर और घासलेट का बेमानी पूर्वक दुरुपयोग कर 7 लाख 3 हजार 458 रुपए का अपने निजी कार्य में उपयोग किया था और इस राशि को संस्था में जमा ना कर उसका गबन कर लिया था। इस मामले में ऑडिट रिपोर्ट के आधार पुलिस थाना खकनार ने मामला दर्ज किया था और अभियोजन ने इसे अदालत में प्रमाणित भी किया। इस मामले में अदालत ने एक अन्य आरोपी प्रबंधक बाबुलाल महाजन को संदेह का लाभ देते हुए दोष मुक्त कर दिया है लेकिन आरोपी सेल्समेन को धारा 409 भादंवि में 3 वर्ष के सश्रम कारावास और 500 रुपए के अर्थदंड से दंडित किया हैं।