2 अप्रैल 2026,

गुरुवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

8th Pay Commission: लाखों सरकारी कर्मचारियों को कब मिलेगी DA Hike की खुशखबरी? जानिए क्यों हो रही देरी

8th Pay Commission DA Hike Date: साल 2016 में डीए सिर्फ 2 फीसदी था। यह इस समय 58 फीसदी है और जल्द ही बढ़ने वाला है। 49 लाख केंद्रीय कर्मचारी और 68 लाख पेंशनधारक डीए हाइक का इंतजार कर रहे हैं।

2 min read
Google source verification

भारत

image

Pawan Jayaswal

Apr 02, 2026

8th Pay Commission DA Hike News

लाखों कर्मचारी डीए हाइक का इंतजार कर रहे हैं। (PC: AI)

8th Pay Commission DA Hike News: एक करोड़ से ज़्यादा सरकारी कर्मचारी और पेंशनधारक फरवरी से महंगाई भत्ते में बढ़ोतरी के इंतजार में बैठे हैं। अब मार्च भी गुजर गया है, लेकिन DA में बढ़ोतरी का नोटिफिकेशन नहीं आया। अब अप्रैल के पहले हफ्ते में डीए हाइक होने की उम्मीद है। DA यानी महंगाई भत्ता 58 फीसदी से बढ़कर 61 फीसदी होने की उम्मीद है। जब भी नोटिफिकेशन आएगा, यह बढ़ोतरी 1 जनवरी 2026 से लागू मानी जाएगी। मतलब जनवरी, फरवरी और मार्च तीनों महीनों का बकाया एकमुश्त मिलेगा।

एक उदाहरण से समझिए। मान लीजिए किसी कर्मचारी की बेसिक सैलरी 56,100 रुपये है। अभी 58 फीसदी DA के हिसाब से उन्हें 32,538 रुपये मिल रहे हैं। डीए बढ़कर 61 फीसदी होता है, तो यह 34,221 रुपये हो जाएगा। हर महीने 1,683 रुपये की बढ़ोतरी और तीन महीने का बकाया मिलाएं तो एक बार में करीब 6,732 रुपये अतिरिक्त जेब में आ सकते हैं।

डीए हाइक में क्यों हो रही देरी?

बैंक बाजार के CEO आदिल शेट्टी कहते हैं कि यह देरी नीतिगत बदलाव नहीं है, बस प्रशासनिक मामला है। DA की गणना औद्योगिक कामगारों के उपभोक्ता मूल्य सूचकांक यानी CPI-IW के 12 महीने के औसत पर होती है। वो आंकड़े बढ़ोतरी की पुष्टि कर रहे हैं। बस कैबिनेट की मंजूरी बाकी है। आइए जानते हैं कि डीए हाइक में देरी के प्रमुख कारण क्या हैं:

  • पहला कारण है 8वां वेतन आयोग। यह 1 जनवरी 2026 से लागू होना था, लेकिन अब 2027 के मध्य तक टल गया है। नए पे स्ट्रक्चर के साथ DA को जोड़ने में अतिरिक्त समय लग रहा है।
  • दूसरा कारण है कैबिनेट की मंजूरी में देरी। छोटी सी 2 से 3 फीसदी की बढ़ोतरी भी वित्त मंत्रालय की समीक्षा और फिर कैबिनेट की हरी झंडी के बाद ही होती है। यह प्रक्रिया वक्त लेती है।
  • तीसरा कारण है CPI-IW के आंकड़ों की सटीक गणना। यहां गलती की कोई गुंजाइश नहीं होती, क्योंकि बाद में सुधार करना और भी उलझन भरा होता है।
  • चौथा कारण है बकाया राशि के साथ तालमेल बिठाना। जब पैसा पिछली तारीख से लागू होता है तो सैलरी, पेंशन और भत्तों की गणना एक साथ करनी होती है।
  • जब DA 50 फीसदी से ऊपर जाता है तो बेसिक पे में मर्जर जैसे बड़े फैसलों पर भी विचार होता है। अभी यह कंफर्म नहीं है, लेकिन इस संभावना को भी नजरअंदाज नहीं किया जा सकता।

कितने लोग होंगे प्रभावित

करीब 49 लाख केंद्रीय कर्मचारी और 68 लाख पेंशनधारक इस फैसले का इंतजार कर रहे हैं। केंद्र सरकार ने 2026-27 के बजट में पेंशन पर 2,96,214 करोड़ रुपये खर्च का अनुमान लगाया है, जो पिछले साल से 3 फीसदी ज़्यादा है।

DA की जर्नी देखें, तो साल 2016 में यह सिर्फ 2 फीसदी था। आज 58 फीसदी पर है और जल्द ही करीब 61 फीसदी होगा। पिछले अक्टूबर 2025 में 55 से 58 फीसदी हुआ था और उससे पहले अप्रैल 2025 में 53 से 55 फीसदी पर पहुंचा था।