8 अप्रैल 2026,

बुधवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

Stock Market Today: हफ्ते के पहले ही दिन गिरा शेयर बाजार, कच्चे तेल में तेजी, होर्मुज स्ट्रेट खोलने की डेडलाइन पर निवेशकों की नजर

Stock Market Today: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को होर्मुज स्ट्रेट खोलने के लिए 6 अप्रैल तक की डेडलाइन दी है। निवेशकों की नजर इसी डेडलाइन पर है।

2 min read
Google source verification

भारत

image

Pawan Jayaswal

Apr 06, 2026

Stock Market Today

शेयर मार्केट में गिरावट देखी जा रही है। (PC: AI)

Stock Market Today: मंगलवार की डेडलाइन आने वाली है और बाजार में सांस थामकर इंतजार हो रहा है। अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने साफ कह दिया है कि अगर ईरान ने होर्मुज स्ट्रेट नहीं खोला तो "नर्क" दिखाएंगे। बिजली घर और पुल तक निशाने पर हैं। इस धमकी के साए में सोमवार 6 अप्रैल को भारतीय शेयर बाजार लाल निशान पर खुला। सेंसेक्स शुरुआती कारोबार में 405 अंक यानी 0.5 फीसदी गिरकर 72,914 पर आ गया। निफ्टी 50 भी 121 अंक फिसलकर 22,591 पर आ गया। मिड कैप 0.8 फीसदी और स्मॉल कैप 0.7 फीसदी नीचे आ गया।

कच्चे तेल में भारी तेजी

वहीं, कच्चे तेल में भारी तेजी है। अमेरिकी क्रूड 111.92 डॉलर और ब्रेंट 110.74 डॉलर प्रति बैरल पर है। शुक्रवार को Good Friday की वजह से बाजार बंद थे, लेकिन पिछले कुछ सत्रों में तेल तेजी से चढ़ा है। युद्ध की बात करें, तो वीकेंड में भी हालात नहीं सुधरे। अमेरिकी बमबारी जारी रही और ईरान ने एक अमेरिकी लड़ाकू विमान मार गिराया जिसके दो पायलटों को बचाया गया।

एशियाई बाजारों का हाल

जापान का निक्केई 225 करीब 1.1 फीसदी चढ़कर 53,692 पर आ गया। दक्षिण कोरिया का Kospi 1.5 फीसदी उछला है। ऑस्ट्रेलिया, हांगकांग और शंघाई के बाज़ार Easter और चीनी त्योहार की वजह से बंद रहे।

सोना और चांदी भी गिरे

उम्मीद थी कि जंग के माहौल में सोना चढ़ेगा। लेकिन हुआ उलटा। अंतरराष्ट्रीय बाजार में स्पॉट गोल्ड 1.2 फीसदी गिरकर 4,620.68 डॉलर प्रति औंस पर आ गया। अमेरिकी गोल्ड फ्यूचर्स 0.7 फीसदी नीचे 4,647.10 डॉलर पर आ गया। चांदी 1 फीसदी गिरकर 72.28 डॉलर पर आ गई। वहीं, प्लैटिनम भी 0.5 फीसदी नीचे आ गया। वजह वही पुरानी थी। डॉलर मजबूत हुआ, 10 साल के अमेरिकी बॉन्ड की यील्ड ऊपर गई और ब्याज दर कटौती की उम्मीदें और धुंधली हो गईं। अमेरिका में बेरोजगारी के दावे उम्मीद से कम आए जिससे फेड के नरम पड़ने की संभावना और घट गई। अब सब कुछ एक ही बात पर टिका है। कल की डेडलाइन पर ईरान क्या करता है।