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भाजपा ने सबसे पहले किया था स्टरलाइट का विरोध

केन्द्रीय मंत्री पोन राधाकृष्णन ने कहा, तब वहां की जनता साथ आती तो आज गोलियां नहीं चलती
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चेन्नई

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Arvind Mohan Sharma

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Updated: 24 May 2018, 12:20 PM IST

The BJP had first opposed Sterlite

भाजपा ने सबसे पहले किया था स्टरलाइट का विरोध

कोयम्ब त्तूर. केन्द्रीय मंत्री व भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता पोन राधाकृ ष्णन ने कहा है कि तूतीकोरिन में स्टरलाइट संयंत्र का विरोध सबसे पहले भाजपा ने किया था। लेकिन तब वहां के लोगों ने ही हमारा साथ नहीं दिया था। राधाकृष्णनकोयम्ब त्तूर एयरपोर्ट पर पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे। तूतीकोरिन घटनाक्रम पर पूछे गए सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि स्टरलाइट संयंत्र की स्थापना के समय ही भाजपा ने विरोध किया था। वे खुद वहां गए थे। उस समय वहां के लोग हमारे साथ खड़े होते तो ये दिन नहीं देखने पड़ते।मंत्री ने बताया कि स्टरलाइट संयंत्र का विरोध करने की वजह से उन्हें तीन दिन जेल में रहना पड़ा था। अब वहां के हालात विकट हो चुके हैं। वहां पुलिस की गोली से एक दर्जन लोग मारे जा चुके हैं। कई घायल हुए हैं।उन्होंने कहा कि भाजपा तूतीकोरिन मामले की रिपोर्ट के लिए एक पदाधिकारी को नियुक्त करेगी। जो जल्द ही वहां के हकीकत बताएगा। केन्द्रीय मंत्री ने पूछा कि जो लोग आज वहां दिखावा कर रहे हैं। उनसे जनता को पूछना चाहिए कि जब संयंत्र लगाया जा रहा था, तब वे क्यों चुप थे। तत्कालीन द्रविड़ मुनेत्र कषगम सरकार ने भाजपा के विरोध को दरकिनार करते हुए संयंत्र स्थापना की मंजूरी दी थी। जनता पर अत्याधुनिक हथियारों से फायरिंग व एक गोली से एक की जन लेने के आरोपों पर उन्होंने कहा कि फिलहाल तूतीकोरिन के हालातों के बारे में उन्हें पूरी जानकारी नहीं है। इससे पहले कुछ कहना ठीक नहीं होगा, लेकिन जनता हकीकत को तो देखे-समझे।पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच की जानी चाहिए।

वीओसी पार्क में पुलिसकर्मी तैनात
कोयम्ब त्तूर . तूतीकोरिन में स्टरलाइट आंदोलन के समर्थन में कहीं कोयम्ब त्तूर में आंदोलन जोर नहीं पकड़ ले इसे देखते हुए प्रशासन ने वीओसी पार्क को सील कर दिया है। सूत्रों ने बताया कि मंगलवार को कुछ छात्र नारे लगाते हुए वीओसी पार्क में एकत्रित हो गए थे।यह देख कर पुलिस प्रशासन सतर्क हो गया। पहले तो छात्रों को वहां से हटाया व बाद में पार्क के गेट बंद कर दिए। अब वहां पुलिस तैनात कर दी गई है। साथ ही वहां आने -जाने वालों वाहनों पर नजर रखी जा रही है। उल्लेखनीय है कि जल्लीकट्टू आंदोलन के दौरान वीओसी पार्क में आंदोलनकारियों ने अड्डा जमा लिया था। पुलिस की लाख कोशिशों के बाद भी वहां से आंदोलन कारी नहीं हटे। यहां तक रात में भी वीओसी पार्क गुलजार रहा था। इसे देखते हुए पुलिस ने अब पहले से ही प्रबंध कर लिए हैं।