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नए साल के जश्न में आधी रात को सडक़ों पर दिखी भीड़

नए साल का स्वागत महानगरवासियों ने हर साल की तरह बड़े जोर-शोर से इस बार भी किया लेकिन साल का शुरुआती दिन कई लोगों के लिए सबक सिखाने वाला तो कइयों के लिए कान खड़े कर देने वाला भी रहा।

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नए साल के जश्न में आधी रात को सडक़ों पर दिखी भीड़

चेन्नई. नए साल का स्वागत महानगरवासियों ने हर साल की तरह बड़े जोर-शोर से इस बार भी किया लेकिन साल का शुरुआती दिन कई लोगों के लिए सबक सिखाने वाला तो कइयों के लिए कान खड़े कर देने वाला भी रहा। वैसे तो महानगर में रात को सडक़ों पर सामान्य तौर पर लोगों की आवाजाही रहती है लेकिन ३१ दिसम्बर की रात सडक़ों पर वाहनों और लोगों का हुजूम सा उमड़ पड़ा। इस वजह से कई इलाकों में सडक़ जाम की स्थिति भी बनी। हालांकि महानगर के चप्पे-चप्पे पर पुलिस तैनात थी लेकिन पुलिस को भी यह अंदेशा नहीं था कि इतनी संख्या में लोग नए साल के जश्न के लिए बाहर निकलेंगे। नए साल का जश्न मनाने में क्या युवक, क्या बुजुर्ग कोई पीछे नहीं था।


- समुद्र तटों पर भारी भीड़
नए साल का जश्न मनाने के लिए महानगर के सभी समुद्र तटोंं पर जनसैलाब था। मरीना, बेसेंट नगर, तिरुवान्म्यूर, पलावक्कम, कोटिवाक्कम, कोवलम बीच पर लोगों की भारी भीड़ थी। यह भीड़ ३१ दिसम्बर की शाम से ही जुटनी शुरू हो गई थी। बीच पर सुरक्षा इंतजाम के लिए और किसी प्रकार की अप्रिय घटना को रोकने के लिए पुलिस बल तैनात था।

- नियमों की उड़ी धज्जियां
जश्न के माहौल में लोग इतने मशगूल थे कि वे नियमों की भी अनदेखी करने लगे। बाइक तीन-तीन लोग सवार होकर सफर कर रहे थे। सडक़ों पर भीड़ के बावजूद भी नौजवान बाइक रेसिंग व रैश ड्राइविंग करने में पीछे नहीं थे। इसी बाइक रेसिंग व रैश ड्राइविंग की वजह से ७ लोगों की मौत हो गई और करीब ८० से ज्यादा लोग घायल हो गए। महानगर के कई इलाकों में ट्रैफिक सिग्नल की बत्ती ही गायब थी और जहां जल रही थी वहां उसकी परवाह करने वाला कोई नहीं था।
- आधी रात तक बिकती रही शराब
तमिलनाडु में सरकार ने तस्माक दुकानों को रात १० बजे तक चलाने की अनुमति दी है। लेकिन ३१ दिसम्बर की रात को आधी रात तक धड़ल्ले से महानगर में शराब की बिक्री हो रही। पुलिस की मौजूदगी के बावजूद भी गैरकानूनी तरीके से शराब एमआरपी कीमत पर ३०-२०० रुपए अधिक वसूलकर बेची जा रही थी। ३१ दिसम्बर की रात को ड्रंक और ड्राइविंग के २६३ मामले पकड़े गए।


- लड़कियां भी नहीं रहीं पीछे
नए साल के जश्न में सडक़ों पर खुलेआम मस्ती करते आपने आमतौर पर नौजवानों को देखा होगा लेकिन इस बार लड़कियां भी पीछे नहीं रही। आधी रात को स्कूटी व बाइक पर ट्रिपल लोडिंग कर लड़कियां भी नजर आर्ई। यही नहीं ईसीआर रोड पर तो कई युवतियों को कार से स्टंट करते देखा गया।


- आधी रात तक खुली रहीं दुकानें
नए साल के जश्न में आमदनी में पीछे न रह जाएं इसके लिए कई दुकानदारों ने देर रात तक अपनी दुकानें खुली रखी थी। इनमें ज्यादातर बिरयानी, जनरल स्टोर और फस्टफूड की दुकानें थी। दुकानदारों से देर रात तक दुकान खोलने की वजह पूछी गई तो उनका कहना था कि पहली तो कमाई और दूसरी वजह प्लास्टिक की थैलियों को खत्म करना है क्योंकि १ जनवरी से प्लास्टिक प्रतिबंधित हो जाएगा।


- जमकर हुई आतिशबाजी
३१ दिसम्बर को जैसे ही रात के १२ बजे , आतिशबाजी से महानगर के आसमान में उजियारा छा गया। १२ बजने के बाद लोगों ने पटाखे जलाने शुरू कर दिए। हालांकि जमकर हुई आतिशबाजी में कुछ इलाकों में कहर भी बरपा। कहीं किसी के आशियाने में आग लग गई तो कोई गम्भीर रूप से घायल हो गया।


- देखकर भी अनदेखी करना हमारी मजबूरी
ईसीआर इलाके में तैनात एक पुलिसकर्मी से पूछा गया कि आपके सामने लोग ट्रिपल लोडिंग कर जा रहे हैं, कई रैश ड्राविंग कर रहे हैं तो आप उन्हें रोक कर चालान क्यों नहीं काट रहे। इसपर उसने अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि हम हर किसी का चालान नहीं काट सकते। कुछ लोगों की गलतियों को देखकर भी अनदेखी करना पड़ता है।