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बाबा रामदेव व जग्गी वासुदेव के विचारों की परवाह नहीं : जयकुमार

स्टरलाइट प्लांट मामले में समर्थन पर प्रतिक्रिया

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We do not care Baba Ramdev and Jaggi Vasudev's thoughts : Jayakumar

बाबा रामदेव व जग्गी वासुदेव के विचारों की परवाह नहीं : जयकुमार

चेन्नई. स्टरलाइट प्लांट को बाबा रामदेव और जग्गी वासुदेव द्वारा मिले समर्थन पर प्रतिक्रिया देते हुए एआईएडीएमके के वरिष्ठ नेता और राज्य मत्स्य पालन मंत्री डी. जयकुमार ने गुरुवार को कहा कि प्लांट के लिए सरकार अपने निर्णय पर स्थिर है और उन्हें रामदेव और वासुदेव के विचारों की परवाह नहीं है।
उन्होंने संवाददाताओं से बातचीत में कहा स्टरलाइट प्लांट अब कभी नहीं खुलेगा। जयकुमार ने यह टिप्पणी उस वक्त की है जब दो दिन पहले बाबा रामदेव ने प्लांट का समर्थन करते हुए ट्वीट किया था कि उद्योग विकास का मंदिर होता है और इसे बंद नहीं किया जाना चाहिए। रामदेव ने यह ट्वीट वेदांता के चेयरमैन अनिल अग्रवाल से लंदन में मुलाकात करने के बाद की थी।
जग्गी वासुदेव ने भी प्लांट के समर्थन में ट्वीट किया था। गौरतलब है कि प्लांट को बंद कराने की मांग करते हुए स्थानीय लोगों द्वारा १०० दिन प्रदर्शन किया गया था। पुलिस फायरिंग में १३ लोगों की मौत भी हो गई थी। मामले को गंभीरता से लेते हुए गत २८ मई को राज्य सरकार ने प्लांट को बंद कराने की घोषणा की थी।

बिजली आपूर्ति के लिए कोर्ट का कोई आदेश अभी उचित नहीं: कोर्ट
मदुरै. तुत्तुकुड़ी स्थित स्टरलाइट प्लांट में एसिड लीकेज की समीक्षा कर रही सरकार द्वारा नियुक्त हाई पावर कमेटी के अनुसार प्लांट में शीघ्र बिजली आपूर्ति की जरूरत नहीं है। मद्रास हाईकोर्ट के मदुरै बेंच में मामले पर सुनवाई को ६ जुलाई तक के लिए टाल दिया गया। न्यायाधीश सीटी सेल्वम और न्यायाधीश एमएम बशीर अहमद की बेंच के समक्ष मामले की सुनवाई के दौरान अतिरिक्त महाधिवक्ता के. चेल्लपांडियन ने कहा कि सरकार द्वारा नियुक्त समिति ने अधिकारियों के संग कंपनी का मुआयना कर अपनी रिपोर्ट सरकार को सांैप दी है। बेंच ने कहा जब समिति ने प्लांट में बिजली आपूर्ति की शीघ्र जरूरत समझी होती तो इस बाबत रिपोर्ट में भी जिक्र होता पर ऐसा नहीं है। अगर समिति बिजली आपूर्ति को महत्वपूर्ण नहीं मानती तो ऐसे में कोई आदेश नहीं पारित कर सकते। वेदांता की तरफ से मौजूद वकील ने कोर्ट को बताया कि प्लांट की सुरक्षा के लिए ४ मेगावाट बिजली शीघ्र मुहैया कराना जरूरी है।