
वसूली नहीं, कब्जा भी नहीं हटा
छतरपुर। झांसी खजुराहो फोरलेन के किनारे चिंहित किए गए अतिक्रमण हटाने की प्रक्रिया दो साल में भी पूरी नहीं हो पाई है। नतीजतन फोरलेन के दोनों ओर अतिक्रमण बढ़ रहा है। प्रतिबंधित दूरी में बिना निर्माण के मकान, दुकान, ढाबा समेत अन्य कई तरह के नए निर्माण धडल्ले से किए जा रहे हैं। हालांकि दो साल पहले एनएचएआइ ने छतरपुर जिले की सीमा में फोरलेन किनारे हुए 133 अतिक्रमण चिंहित किए, उन्हें नोटिस व 2 करोड़ का जुर्माना भी लगाया। लेकिन न तो वसूली हो सकी और न अतिक्रमण हटा और न प्रशासन व एनएचएआइ ने अतिक्रमण रोकने के लिए संयुक्त कार्रवाई की।
नौगांव इलाके में सबसे ज्यादा जुर्माना लगाया था
जिले में 133 अतिक्रमकारियों पर जुर्माना लगाया गया है। सबसे ज्यादा नौगांव तहसील इलाके में 1 करोड़ 54 लाख 7 हजार रुपए का जुर्माना लगाया गया। पूरे जिले में चिंहित किए गए 133 अतिक्रमण पर प्रति वर्ग मीटर 500 रुपए की दर से जुर्माना लगाया गया है। जुर्माना भरने के बाद भी अतिक्रमण हटाए जाएंगे। कब्जाधारी खुद अतिक्रमण नहीं हटाते हैं। तो एनएचएआई खुद अतिक्रमण हटाएगा और उसका खर्च भी संबंधित अतिक्रमणकारी से वसूला जाएगा। लेकिन ये अलग बात है कि अभी तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है।
सबसे ज्यादा अतिक्रमण छतरपुर इलाके में
जिले में चिंहित अतिक्रमण में सबसे ज्यादा अतिक्रमण छतरपुर तहसील इलाके में हुए हैं। 52 जगह अतिक्रमण चिंहित करने के बाद एनएचएआई ने 80 लाख 14 हजार 150 रुपए का जुर्माना लगाया है। छतरपुर इलाके में सबसे ज्यादा जुर्माना स्टार ऑटोमोबाइल पर 20 लाख रुपए लगाया गया है। इसके बाद सतीश दलाल पर 12 लाख रुपए, कुलदीप सिंह पर 9 लाख रुपए का जुर्माना लगाया गया है। एनएचएआइ ने नौगांव तहसील इलाके में 43 अतिक्रमकारियों पर 1 करोड़ 54 लाख 7 हजार का जुर्माना लगाया है। जिसमें जीतेन्द्र सिंह चौहान पर सबसे ज्यादा जुर्माना 11 लाख 40 हजार रुपए का जुर्माना लगाया गया है। वही, बुंदेली रेडियो पर 10 लाख 80 हजार रुपए का जुर्माना लगाया गया है। जीतेन्द्र सिंह यादव पर 8 लाख 75 हजार, महाराजा होटल रिसोर्ट पर 5 लाख 40 हजार रुपए का जुर्माना लगाया गया है। राजगनर तहसील इलाके में 38 अतिक्रमण चिंहित कर उनपर 19 लाख 80 हजार 410 रुपए का जुर्माना लगाया गया है। जिसमें सबसे ज्यादा जुर्माना प्रियंका परिहार पर 3 लाख रुपए का जुर्माना लगाया गया है। संजीव नगरिया पर 2 लाख 6 हजार 500, नथुआ पर 1 लाख 10 हजार रुपए, धर्मेन्द्र सिंह पर 1.50 लाख और जीतेन्द्र सिंह चौहान पर 1 लाख रुपए का जुर्माना लगाया गया है।
ये है नियम
राष्ट्रीय राजमार्ग यातायात अधिनियम के तहत हाइवे की सड़क के मध्य बिंदु से दौनों ओर 40 मीटर की तक किसी भी तरह के निर्माण कार्य पूरी तरह अवैध माने जाते हैं। जबकि 40 मीटर से 75 मीटर तक की दूरी के बाद किसी भी तरह के निर्माण के लिए एनएचएआई से अनुमति लेना होती है। कोई भी भूस्वामी 75 मीटर के बाद ही निर्माण कार्य के लिए स्वतंत्र होता है। इस नियम के मुताबिक लगभग 75 मीटर की दूरी तक एनएचएआई का नियंत्रण माना जाता है। मगर फोरलेन हाइवे पर न तो लोग प्राविधानों को मान रहे हैं, न एनएचएआई प्राविधानों के खिलाफ किए गए अवैध निर्माणों के खिलाफ कोई कार्रवाई कर सका है।
Published on:
10 Nov 2022 04:41 pm
बड़ी खबरें
View Allछतरपुर
मध्य प्रदेश न्यूज़
ट्रेंडिंग
