छिंदवाड़ा / मंगलवार को बहनों ने घर देहरी पर बने भाईदूज के समीप अपने भाई को बैठाकर उसे तिलक लगाया और आशीर्वाद दिया। सुबह से ही बहनें अपने भाइयों के इंतजार में थीं। परम्परा के अनुसार गोबर से भाई दूज बनाया गया। उसकी पूजा पहले बहनों ने की। दीप प्रज्ज्वलित कर अपने भाइयों के आने की प्रतीक्षा करती रहीं। भाई बहन के घर पहुंचे और भाईदूज को प्रणाम कर अपनी बहनों से तिलकर लगवाकर उनके चरण छुए। बहनों ने भी अपने भाइयों को आशीर्वाद दिया। इसी के साथ पांच दिनी दीपोत्सव का पर्व उल्लास के साथ सम्पन्न हो गया। भाई अपनी बहनों के लिए उपहार लेकर गए तो बहनों ने भी मिठाई और उनका मनपसंद भोजन कराकर अपने प्रेम को प्रदर्शित किया।
ट्रेन-बसों में रही भीड़
जिले और आसपास ही रहने वाले भाई बहनों से मिलने इसी दिन पहुंचे। इसी वजह से जिला स्तर पर चलने वाली बसों में भारी भीड़ देखी गई। छिंदवाड़ा से सौंसर, पांढुर्ना, परासिया, बैतूल के साथ नरसिंहपुर और सिवनी मार्ग पर चलने वाली बसों में भी खासी भीड़ रही। दीपावली के बाद अपने घरों और कार्यस्थल पर भी लोग अब लौट रहे हैं। इस वजह से भी टे्रन और बसें फुल चल रहीं हैं।
जेल में भी बहनों ने किया तिलक
जिला जेल में भी सामूहिक रूप से भाईदूज के पूजन का कार्यक्रम आयोजित किया गया। यहां बहनों ने अपने भाइयों को तिलक लगाया और उनके जल्द छूटने और अच्छे भावी जीवन की कामना की। यहां कई भाई बहनों के बीच भावुकता भरे क्षण भी देखे गए।