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Hanuman ji101 फीट उंची है हनुमान जी की प्रतिमा

मोहखेड़ विकासखण्ड के ग्राम सिमरिया में जो कि जिला मुख्यालय से नागपुर-छिंदवाड़ा राष्ट्रीय राजमार्ग पर 18 किमी की दूरी पर है। वर्ष 2015 में जिले के तात्कालीन सांसद कमलनाथ ने इस स्थान

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Hanuman ji 101 फीट उंची है हनुमान जी की प्रतिमा

101 फीट उंची है हनुमान जी की प्रतिमा

छिंदवाड़ा मोहखेड़ विकासखण्ड के ग्राम सिमरिया में जो कि जिला मुख्यालय से नागपुर-छिंदवाड़ा राष्ट्रीय राजमार्ग पर 18 किमी की दूरी पर है। वर्ष 2015 में जिले के तात्कालीन सांसद कमलनाथ ने इस स्थान पर 101 फीट 6 इंच के भगवान हनुमान जी की प्रतिमा स्थापित कराई है। 3 एकड़ 85 डिसमिल भूमि पर खूबसूरत परिसर का निर्माण किया गया है, जिसमें पेड़ पौधे लगाए हैं जो बारहो महीने हरे-भरे रहते हैं। बजरंगबली की मूर्ति के साथ ही शिव पार्वती, राम दरबार, लक्ष्मी नारायण, भगवान गणेश, देवी दुर्गा की प्रतिमाएं भी मंदिर में विराजित है।

यह मध्यप्रदेश की सबसे बड़ी हनुमान प्रतिमा है जो सिमरिया में स्थापित है। यह स्थान भक्ति के एक नए तीर्थ के रूप में विकसित हो चुका है। प्रत्येक शनिवार और मंगलवार को यहां पूजा-अर्चना करने के लिए बड़ी संख्या में लोग पहुंचते हैं। अन्य दिन भी भीड़भाड़ रहती है। पवनपुत्र की 101 फीट 6 इंच उंची प्रतिमा पूर्वमुखी है। प्रतिमा के ठीक बाजू में 111 फीट उंची ध्वजास्म्भ है। सूर्य की पहली किरण फूटते ही प्रतिमा सूर्य की किरणों से आलोकित हो उठती है। मंदिर के गर्भगृह में संगमरम पर सुंदरकाण्ड अंकित है। मंदिर 3 एकड़ 80 डिसमिल भूमि पर निर्मित है। छिंदवाड़ा के ग्राम सिमरिया में बने इस भव्य धार्मिक स्थल के निर्माण में नाथ परिवार ने किसी भी व्यक्ति या फिर संस्था या फिर शासकीय सहयोग नहीं लिया। मंदिर के रखरखाव के लिए छिंदवाड़ा मंदिर ट्रस्ट नामक ट्रस्ट बनाया गया है जिसकी मुख्य ट्रस्टी कमलनाथ की धर्मपत्नी अलका नाथ है।

अनगढ हनुमान मंदिर

छिंदवाड़ा में पोस्ट ऑफिस के सामने अनगढ हनुमान मंदिर के बारे में जुनश्रुति है कि एक बार तब छिंदवाड़ा के डिप्टी कमिश्रर चिटनवीस की कार वहां खराब हो गई। कार में कोई खराबी न होने के बाद भी वह चालू नहीं हुई। सामने ही प्राकृति रूप से झाडिय़ों के बीच एक पत्थर से वे आकर्षित हुए एवं आस्था जागी और मन ही मन में प्रार्थना की उनकी कार तुरंत चालू हो गई, जिसके बाद उन्होंने एक छोटी सी मढिया बनवा दी। यह घटना सन 1911 ई. अथवा 1915 की होना संभावित है। मढिया के पास एक ताला-चाबी सुधारने वाला व्यक्ति दुकान लगाता था, जो कई साल तक यहां पूजा पाठ करते रहा। सन 1975 से नागेन्द्र ब्रम्हचारी ने जन सहयोग से मंदिर का नव निर्माण करवाया मंदिर के बाहर 17.6 फीट ऊंची हनुमान जी की मूर्ति है। जिसका निर्माण उसी स्थान पर किया गया। नगर में लोगों में अनगढ हनुमान मंदिर के प्रति बड़ी आस्था और श्रद्धा है।