
निशुल्क एवं अनिवार्य बाल शिक्षा के अधिकार अधिनियम 2009 (आरटीई) के तहत कमजोर वर्ग और वंचित समूह के बच्चों के निशुल्क प्रवेश की प्रक्रिया पांच मई से शुरू होगी। निजी स्कूलों में नर्सरी से लेकर केजी-1, केज-2 एवं कक्षा पहली में प्रवेश के लिए आवेदन किया जा सकेगा। ऑनलाइन आवेदन के लिए 7 मई से 21 मई तक की तिथि निर्धारित की गई है। इस दौरान त्रुटि सुधार की प्रक्रिया भी पूरी होगी। आवेदन के बाद शासकीय जनशिक्षा केंद्रों में पहुंचकर अपने दस्तावेजों का सत्यापन भी सात मई से 23 मई तक करना होगा।
प्रवेश के लिए पात्र आवेदक पोर्टल पर प्रदर्शित अपने वार्ड, ग्राम, पड़ोस तथा विस्तारित पड़ोस के गैर अनुदान प्राप्त निजी स्कूल का चयन और अपनी समग्र आईडी व आधार सत्यापन कर ऑनलाइन आवेदन कर सकेंगे। सत्यापन के बाद पात्र पाए गए आवेदकों को ऑनलाइन लॉटरी के माध्यम से अशासकीय स्कूल का आवंटन किया जाएगा। आवंटन ऑनलाइन लॉटरी के माध्यम से 29 मई को होगा, जिसकी जानकारी चयनित आवेदकों को मोबाइल एसएमएस के माध्यम से दी जाएगी। आवंटन के बाद दो जून से 19 जून तक अभिभावक को अशासकीय स्कूल में प्रवेश के लिए उपस्थित होना अनिवार्य है। इसकी पुष्टि स्कूल मोबाइल ऐप के माध्यम से दर्ज करेंगे। प्रथम चरण के बाद रिक्त रह गईं सीटों पर द्वितीय चरण के माध्यम से आवंटन किया जाएगा।
आरटीई के अंतर्गत प्रवेश के लिए वंचित समूह, अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, वनभूमि के पट्टाधारी परिवार, विमुक्त जाति, निशक्त बच्चे, एचआईवी ग्रस्त बच्चों सहित कमजोर वर्ग के गरीबी रेखा के नीचे रहने वाले परिवार के बच्चे, अनाथ बच्चे, कोविड से अनाथ हुए बच्चे, आदि पात्र होंगे। किसी भी स्तर के लिए उसके दस्तावेज आवश्यक होंगे। इसके साथ ही निवास का प्रमाणपत्र, जन्मतिथि से संबंधित दस्तावेज, आधार, समग्र आदि भी आवश्यक दस्तावेजों में शामिल होंगे।
नर्सरी के लिए न्यूनतम आयु तीन वर्ष एवं अधिकतम आयु 4 वर्ष 6 माह, केजी वन के लिए न्यूनतम आयु चार वर्ष एवं अधिकतम आयु 5 वर्ष 6 माह, केजी 2 में न्यूनतम आयु 5 वर्ष एवं अधिकतम आयु 6 वर्ष 6 माह और कक्षा पहली के लिए न्यूनतम आयु 6 वर्ष एवं अधिकतम आयु 7 वर्ष 6 माह होगी।
Published on:
27 Apr 2025 11:45 am
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