22 जनवरी 2026,

गुरुवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

कृष्ण ने कंस का वध कर दिलाई थी अधर्म से मुक्ति, पढ़ें कथा

चारगांव में चल रही श्रीमद् भावगत

less than 1 minute read
Google source verification
Shrimad Bhagwat Geeta Gyan Yagna

Shrimad Bhagwat Geeta Gyan Yagna

छिंदवाड़ा. समीपस्थ चारगांव में चल रही श्रीमद् भागवत कथा में रविवार को पं भुवनेश कृष्ण शास्त्री ने भगवान के मथुरा गमन और वहां कंस वध की कथा सुनाई।
बड़ी संख्या में उपस्थित श्रद्धालुओं को सम्बोधित करते हुए उन्होंने बताया कि अधर्म का नाश कर धर्म की रक्षा करने के संकल्प के साथ ही भगवान इस धरती पर अवतरित हुए थे। महात्मा विदुर उन्हें लेने गोकुल पहुंचते हैं। वे नंद यशोदा, गोपियों और ग्वाल बाल से विदा लेते हैं। बलराम के साथ मथुरा पहुंचने पर कंस कृष्ण का वध करने के लिए मल्लयुद्ध की चुनौती देता है, लेकिन कृष्ण और बलराम सभी को पराजित करते हैं। अपने मामा को उनके किए गए अधर्म और पापों को गिनाते हुए कृष्ण उनका वध करते हैं और अपने नाना, पिता और माता को कारावास से मुक्ति दिलाने हुए धर्म की स्थापना करते हैं।
भागवत के विभिन्न प्रसंगों के साथ रविवार को पंडितजी ने कृष्ण रुक्मिणी के विवाह का प्रसंग भी सुनाया। इस मौके पर झांकी भी सजाई गई थी।