
Talent: 13 वर्ष की उम्र में ही वंश ने किया था ऐसा करनामा, बनना चाहते हैं वैज्ञानिक
छिंदवाड़ा. चंदनगांव निवासी 18 वर्षीय वंश धीर में प्रतिभा कूट-कूट कर भरी हुई है। वंश जब आठ वर्ष के थे तो उन्होंने माता-पिता से दसवीं बोर्ड परीक्षा में शामिल होने की इच्छा जताई। जबकि वह उस समय क्लास थ्री में अध्ययरत थे। माता-पिता चौंक गए, लेकिन वंश की जीद के आगे झुके और उन्होंने इसके लिए अपनी रजामंदी दे दी। वंश ने तैयारी की और फिर दस वर्ष की उम्र में मप्र स्टेट ओपन स्कूल से दसवीं बोर्ड परीक्षा उत्तीर्ण थी। इसके बाद उत्कृष्ट विद्यालय में उद्यान संकाय से महज 13 वर्ष में 12वीं की परीक्षा 79 प्रतिशत अंक से उत्तीर्ण की। वंश एनसीसी में ए,बी एवं सी सर्टिफिकेट में ए ग्रेडिंग है और वे मेरिट लिस्ट में रहे। उन्होंने महज 17 वर्ष की उम्र में एनसीसी सी सर्टिफिकेट पाकर प्रदेश में रिकॉर्ड बनाया। राइफल शुटिंग स्पर्धा में तीन गोल्ड मैडल जीता। वंश को इंटरर्नशिप के लिए आस्ट्रेलिया में भी बुलाया गया था। वंश कृषि वैज्ञानिक बनना चाहते हैं और इसके लिए तैयारी कर रहे हैं।
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प्रश्न-कम उम्र में इतनी सफलता अर्जित करना आपके लिए कितना अहम है?
उत्तर-लोगों को समय के साथ या फिर बाद में सफलता मिलती है। मैं खुशनशीब हूं कि मुझे समय से पहले सफलता मिली। जब लोग मुझे शाबाशी देते हैं तो बहुत खुशी मिलती है।
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प्रश्न-किस तरह से आपने खुद को खास बनाया है?
उत्तर-हर बच्चा भगवान का दिया उपहार होता है। मैंने उस समय यह नहीं देखा की मैं रिकॉर्ड बनाऊंगा। बस यह सोचा की एक बार दसवीं की परीक्षा देकर देखता हूं। इसमें पास और फेल होना नहीं सोचा था। मैं सफल हुआ। मैंने ऐसा कार्य किया जो बहुत कम लोग सोचते हैं। खास आप तभी बनते हैं जब आप कुछ अलग सोचते हैं।
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प्रश्न-आने वाले पांच वर्ष में आप खुद को कहां देखते हैं?
उत्तर-मैं एक अच्छा और सफल इंसान बनना चाहता हूं। चाहे वह बिजनेसमैन के तौर पर हो या फिर कृषि वैज्ञानिक के तौर पर और यही मेरा लक्ष्य है।
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प्रश्न-रिकॉर्ड बनाने के लिए क्या करना चाहिए ?
उत्तर-जीवन में हमेशा लक्ष्य बनाकर चलना चाहिए और फिर दिन-रात उसी के बारे में सोचते हुए कड़ी मेहनत करनी चाहिए। फिर रिकॉर्ड पर रिकॉर्ड ही बनेंगे।
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प्रश्न-किसी भी क्षेत्र में आगे बढऩे के लिए परिवार का सहयोग कितना जरूरी है?
उत्तर-परिवार का अगर सहयोग रहे तो कोई भी बच्चा अपने सपनों को पंख लगा सकता है। मैं खुशनशीब हूं कि मेरे माता-पिता मेरे दोस्त हैं।
Updated on:
12 Oct 2020 12:16 pm
Published on:
12 Oct 2020 11:52 am
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