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व्यापारियों ने ऑक्शन शेड को बना लिया गोदाम

बदइंतजामी: खरीदी के बाद भी नहीं करते अनाज का उठाव

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chhindwara

व्यापारियों ने ऑक्शन शेड को बना लिया गोदाम

छिंदवाड़ा. ट्रांसपोर्टरों और मंडी व्यापारियों की हड़ताल के बाद मंगलवार को कृषि उपज मंडी नियमित रूप से खुली और मंडी पहुंचे किसानों का अनाज व्यापारियों ने खरीदा। इसी बीच हम्मालों और किसानों के सामने एक समस्या आ रही है वह है व्यापारियों का खरीदा गया अनाज जिसका उठाव व्यापारी नियमों के अनुसार नहीं करते हैं। वर्तमान में ऑक्शन शेडों के नीचे व्यापारियों का अनाज भरा पड़ा है। इन बोरों में बकायदा फर्म का नाम तक लिखा हुआ है। वहीं इन शेड़ों में पिछले माह खरीदी गई गुल्ली भी अभी तक रखी हुई है। इन अव्यवस्था के कारण हम्मालों को खुले में काम करना पड़ता है और किसानों को अनाज के ढेर खुले आसमान में लगाने पड़ते हैं। इसकी शिकायत कई बार प्रबंधन से की गई,
लेकिन समस्या जस की तस बनी हुई है। वर्तमान में मंगलवार को मंडी खुलने के साथ ही तकरीबन चार हजार क्विंटल अनाज की आवक दर्ज की गई जबकि इससेे कई गुना अनाज शेड़ों में भरा पड़ा है। शिकायतों के बाद प्रबंधन घोषणा कर शेड खाली करने की चेतावनी तो देता है लेकिन कार्रवाई नहीं करता।

२४ घंटे में उठाव करने का है प्रावधान
व्यापारी को खरीदी का लाइसेंस लेने के दौरान गोदाम का नक्शा प्रबंधन के सामने दर्शाना होता है, जिसमें व्यापारी खरीदी कर अनाज को रखेगा, लेकिन वर्तमान में व्यापारी गोदाम की क्षमता से कई गुना ज्यादा खरीदी करता है और खुद का गोदाम भर जाने के बाद मंडी के ऑक्शन शेड में ही कर्मचारियों से मिलीभगत अनाज रख देता है।
अनाज खरीदी करने के २४ घंटे के अंदर अनाज का उठाव करना होता है, नहीं तो प्रबंधन व्यापारी को अनाज की बोली लगाने से बाहर कर सकता है। वहीं जितने दिन अनाज शेड में रखा है प्रतिदिन १० रुपए प्रति बोरा प्रतिदिन के हिसाब से जुर्माना वसूलता है। हालांकि प्रबंधन कभी भी किसी भी व्यापारी पर किसी तरह की कोई कार्रवाई नहीं करता है।