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कोरोना से मां और बहन को खोने के बाद बुरी तरह टूट गई थीं वेदा, बताया कैसे संभाला खुद को

वेदा ने बताया कि वह परिवार में अकेली थीं, जो कोरोना वायरस से संक्रमित नहीं हुई थीं। ऐसे में वह चिकित्सा सुविधाओं का जिम्मा संभाल रही थीं।

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veda krishnamurthy

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भारतीय महिला क्रिकेटर वेदा कृष्णमूर्ति ने हाल ही में कोरोना से अपनी मां और बहन को खोया है। परिवार के दो सदस्यों को खोने के बाद वेदा पूरी तरह से टूट गई थीं। हाल ही एक मीडिया से बातचीत करते हुए वेदा ने बताया कि संकट की स्थिति से उबरने के लिए मानसिक स्वास्थ्य से जुड़ी मदद बेहद महत्वपूर्ण है। पिछले दिनों कोरोना वायरस से वेदा के परिवार में नौ सदस्य संक्रमित हो गए थे। इसमें पिछले माह वेदा की मां और बहन का देहांत हो गया था। वेदा ने उस कठिन समय को याद करते हुए बताया कि वह भाग्य पर बहुत भरोसा करती हैं और उन्हें उम्मीद थी कि उनकी बहन ठीक होकर लौट आएगी। जब ऐसा नहीं हुआ तो वह पूरी तरह से टूट गई थीं।

साहसी बनना पड़ा
वेदा कृष्णमूर्ति ने ईएसपीएन क्रिकइंफो से बात करते हुए बताया कि उस संकट की परिस्थिति में परिवार के अन्य लोगों के लिए उन्हें साहसी बनना पड़ा। वेदा ने कहा कि उन्हें उन दो सप्ताह में यह सीखना था कि वह स्वयं को दुख से दूर करने की सीख लें, लेकिन यह बार-बार वापस आकर जकड़ लेता था। वेदा ने बताया कि वह परिवार में अकेली थीं, जो कोरोना वायरस से संक्रमित नहीं हुई थीं। ऐसे में वह चिकित्सा सुविधाओं का जिम्मा संभाल रही थीं। उस वक्त वेदा को अहसास हुआ कि कई लोगों को बुनियादी सुविधाओं के लिए भी कितना संघर्ष करना पड़ रहा है।

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मौत से पहले बहुत डरी हुई थी बहन
वेदा ने साक्षात्कार में बताया कि उस वक्त जब वह ट्विटर देखती तो उन्हें अहसास होता था कि कई लोगों बुनियादी सुविधाओं के लिए बहुत संघर्ष करना पड़ रहा था। इसके साथ ही उन्होंने बताया कि स्वास्थ्य संकट का सामना करना करते हुए उनकी मां और बहन बहुत तनाव में थीं। वेदा की बड़ी बहन वत्सला मौत से पहले काफी डरी हुई थीं। साथ ही वेदा ने कहा कि मां भी शायद घबराई हुई थीं, क्योंकि मौत से एक रात पहले उन्हें पता चला था कि परिवार में बच्चों सहित सभी का कोरोना टेस्ट पॉजिटिव आया है।

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किसी से नाराजगी नहीं
कोरोना के कारण अपने परिजनों को गंवाने वाले खिलाड़ियों से संपर्क नहीं करने पर बीसीसीआई की आलोचना की गई थी। इसके बाद बीसीसीआई के सचिव जय शाह ने वेदा को फोन किया था। इस बारे में वेदा ने कहा कि वह उन लोगो से नाराज नहीं हैं,जिन्होंने उन्हें फोन नहीं किया या कोई मैसेज नहीं किया। साथ ही उन्होंने उन सभी लोगों का आभार भी जताया, जिन्होंने उनकी परवाह की। वेदा ने कहा कि उन्हें बीसीसीआई सचिव का फोन आया। वेदा ने कहा कि उन्हें इसकी उम्मीद नहीं थी।