पंत ने रुड़की से दिल्ली आकर तारक सिन्हा की एकेडमी में ही क्रिकेट की कोचिंग ली थी। एक वेबसाइट से बातचीत करते हुए सिन्हा ने दिल छू लेने वाला किस्सा बताया।
ऋषभ पंत ने पिछले साल ऑस्ट्रेलिया दौरे में दमदार वापसी की। इसके बाद पंत ने इंग्लैंड के खिलाफ घरेलू सीरीज में भी शानदार प्रदर्शन किया। अब पंत से टीम इंडिया को इंग्लैंड दौरे पर भी काफी उम्मीदें हैं। इस बीच ऋषभ पंत के बचपन के कोच तारक सिन्हा ने एक मजेदार किस्सा शेयर किया है। तारक सिन्हा ने ऋषभ पंत के कॅरियर को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ले जाने में अहम भूमिका निभाई है। पंत ने रुड़की से दिल्ली आकर तारक सिन्हा की एकेडमी में ही क्रिकेट की कोचिंग ली थी। एक वेबसाइट से बातचीत करते हुए सिन्हा ने दिल छू लेने वाला किस्सा बताया।
रात साढ़े तीन बचे कोच के घर पहुुंच गए थे पंत
ताकर सिन्हा ने बताया कि एक बार दक्षिण दिल्ली में स्थित उनके क्लब सोनट के लिए खेलते वक्त वे ऋषभ पंत से नाराज हो गए थे। इसके बाद ऋषभ पंत पूरी रात नहीं सो पाए और रात को साढ़े तीन बजे कोच सिन्हा के घर पहुुंच गए। सिन्हा ने बताया कि वे वैशाली में रहता थे जो एनसीआर में है। वहीं पंत उनके घर से करीब 1 घंटे की दूरी पर रहते थे।
मांगी मांगने आए थे पंत
जब पंत इतनी रात कोच के घर आए तो उन्होंने पूछा कि इतनी रात को क्यों आए हो। इसके जवाब में पंत ने कहा, 'मैंने आपको इतना नाराज पहले कभी नहीं देखा. मैं आपसे माफी मांगना चाहता हूं।' साथ ही कोच ने कहा कि यह घटना उनके दिल को छू लेने वाली थी क्योंकि पंत इतनी रात को और इतनी दूर से उनके घर माफी मांगने आए थे। कोच ने बताया कि उनका परिवार भी उनसे नाराज था क्योंकि वे पंत पर ज्यादा ही कठोर हो गए थे।
खिलाड़ी के तौर पर साबित करना होगा
वहीं महेन्द्र सिंह धोनी से तुलना और कप्तान बनाए जाने के सवाल पर कोच तारक सिन्हा ने कहा कि अभी तो पंत को एक खिलाड़ी के तौर पर खुद को साबित करने की जरूरत है। उनका कहना है कि महेन्द्र सिंह धोनी और विराट कोहली जैसे बड़े क्रिकेटर्स ने कप्तान की भूमिका निभाने से पहले खुद को एक खिलाड़ी के तौर पर साबित किया था।
आईपीएल में अच्छी कप्तानी की
साथ ही तारक सिन्हा ने कहा कि अभी पंत को बतौर खिलाड़ी खुद पर काम करने की जरूरत है। इसके बाद भविष्य में चयनकर्ता उन्हें कप्तान के रूप में भी देख सकते हैं। ऋषभ पंत ने आईपीएल में दिल्ली कैपिटल्स की कप्तानी की। इस बारे में सिन्हा ने कहा कि इस वर्ष आईपीएल के दौरान पंत ने एक कप्तान के रूप में अच्छा काम किया।वहीं दिल्ली रणजी टीम के लिए भी कप्तानी की भूमिका अच्छे से निभाई और टीम को फाइनल तक पहुंचाया। हालांकि उन्होंने कहा कि फिलहाल पंत एक बच्चा है और कप्तान बनने से पहले अभी उसे लंबा सफर तय करना होगा।