1 जनवरी 2026,

गुरुवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

मेरी खबर

icon

प्लस

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

Lockdown के बाद आग की तबाही, दिल्ली में 250 झुग्गियां जलकर राख

दक्षिण पूर्व दिल्ली के तुगलकाबाद इलाके की झुग्गी बस्ती में लगी ( Fire in Delhi ) आग। करीब चार घंटे की मशक्कत के बाद Fire Brigade ने Tughlakabad Fire पर पाया काबू। Delhi Fire हादसे में किसी के घायल होने की खबर नहीं, इलाके में 500 से ज्यादा झुग्गियां।

2 min read
Google source verification
delhi fire

delhi fire

नई दिल्ली। अभी तक गरीब मजदूर कोरोना वायरस के चलते जारी लॉकडाउन ( COVID-19 Lockdown in India ) की मार से उबर भी नहीं पाए थे कि गर्मी बढ़ने के साथ ही आग ( Delhi fire ) ने उनकी मुसीबत और बढ़ा दी। राजधानी दिल्ली के दक्षिण पूर्व इलाके में तुगलकाबाद क्षेत्र की झुग्गियों में मंगलवार आधी रात भीषण आग ( Tughlakabad Fire ) लग गई। इस आग ने देखते ही देखते 250 झुग्गियों को जलाकर राख कर दिया। करीब चार घंटे की मशक्कत के बाद फायर ब्रिगेड ( delhi fire service ) की 30 गाड़ियों ने आग पर काबू पाया।

अग्निशमन अधिकारियों ने मंगलवार सुबह इस बात की जानकारी देते हुए कहा कि इस हादसे में 250 झोपड़ियां जलकर राख हो गईं हैं। हालांकि इस घटना में किसी के घायल होने की सूचतना नहीं है।

मुख्य अग्निशमन अधिकारी अतुल गर्ग ने कहा, "हमें मध्यरात्रि में 12.15 बजे के आसपास झुग्गियों में आग लगने के बारे में जानकारी मिली। घटनास्थल पर तुरंत दमकल की 28 गाड़ियों को भेजा गया और सुबह तड़के 4 बजे तक आग पर काबू पा लिया गया।"

उन्होंने बताया कि तुगलकाबाद इलाके में कम से कम 500 झुग्गियां हैं। मंगलवार की शुरुआती रात में लगी आग में 250 झोपड़ियां पूरी तरह से आग में जलकर खाक हो गईं। उन्होंने कहा, "यह स्थान पहाड़ियों पर है, जिसके चलते फायर टेंडरों को घटनास्थल पर पहुंचने में समय लगा। हालांकि, आग चार घंटे के भीतर बुझ गई और सुबह 8 बजे तक कूलिंग ऑफ की प्रक्रिया भी पूरी कर ली गई।"

दुर्घटना में जान-माल के नुकसान की बात पूछे जाने पर उन्होंने कहा, "झोपड़ियां जली हैं, लेकिन घटना में किसी के घायल होने और मौत की खबर नहीं है।" उन्होंने आगे कहा, "आग लगने के वास्तविक कारणों की जानकारी नहीं है, लेकिन हम पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं।"

दक्षिण पूर्व के पुलिस उपायुक्त आरपी मीणा ने कहा, "रात को ऐसा लग रहा था कि लगभग 500 झोपड़ियां जल चुकी हैं। हालांकि, सुबह यह स्पष्ट हुआ कि केवल 250 झोपड़ियों में ही आग लगी है।"