
Education news 02
दमोह. जिलेभर के स्कूलों में इस बार अद्र्धवार्षिक परीक्षाएं पूरी तरह बोर्ड पैटर्न पर आयोजित की जा रही हैं। शिक्षा विभाग ने इस परीक्षा को लेकर कई सख्त व्यवस्थाएं लागू की हैं, जिससे विद्यार्थियों को आगामी बोर्ड परीक्षा के माहौल का वास्तविक अनुभव मिल सके।
बुधवार को नौंवी और दसवीं कक्षा के पेपर आयोजित किए गए। जिसमें नौंवी का संस्कृत तो दसवीं का हिन्दी का पेपर सभी विद्यालय स्तरीय परीक्षा केंद्र पर आयोजित किए गए। इन सभी परीक्षा केंद्रों पर इस बार सीसीटीवी कैमरों के माध्यम से निगरानी रखी जा रही है। परीक्षा कक्षों में कैमरे की निगाह से हर गतिविधि पर नजर रखी जा रही है। इसके लिए दमोह के जेपीबी स्कूल में एक कंट्रोल रूम बनाया गया है, जहां से हर एक स्कूल पर नजर रखी जा रही है। इसके अलावा केंद्रों में बाहरी व्यक्तियों का प्रवेश पूरी तरह प्रतिबंधित किया गया है। केवल निर्धारित समय पर निरीक्षक और परीक्षा से जुड़े अधिकारी ही केंद्र में प्रवेश कर सकते हैं।
प्रश्नपत्र ओपनिंग की प्रक्रिया भी बोर्ड परीक्षा जैसी ही रखी गई है। प्रश्नपत्रों को परीक्षा प्रारंभ होने से कुछ समय पूर्व ही संबंधित अधिकारियों की मौजूदगी में वीडियो रिकॉर्डिंग के साथ खोला जा रहा है। इस दौरान सभी प्रक्रियाएं पारदर्शिता के साथ पूरी की जा रही हैं, किसी भी प्रकार की अनियमितता की गुंजाइश न रहे।
विद्यालयों में शिक्षकों द्वारा भी परीक्षा अनुशासन का कड़ाई से पालन कराया जा रहा है। छात्रों को उत्तर पुस्तिका समय पर देने, सही समय पर प्रश्नपत्र प्राप्त करने और शांतिपूर्वक परीक्षा देने के लिए प्रेरित किया जा रहा है।
परीक्षा का उद्देश्य विद्यार्थियों को बोर्ड परीक्षा के लिए मानसिक रूप से तैयार करना है, जिससे वे दबावमुक्त रहकर आगामी परीक्षा में बेहतर प्रदर्शन कर सकें। डीइओ एसके नेमा का कहना है कि अद्र्धवार्षिक परीक्षा के बाद प्रत्येक छात्र का प्रदर्शन विश्लेषण कर कमजोर विषयों पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।
Updated on:
11 Nov 2025 10:07 am
Published on:
11 Nov 2025 10:07 am
