21 जनवरी 2026,

बुधवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

सिंध नदी का पुराना पुल ले रहा लोगों की जान

बाजार व प्रतिष्ठान बंद रखकर गुस्से का इजहार old bridge of sindh river is taking lives of people, news in hindi, mp news, datia news

2 min read
Google source verification
सिंध नदी का पुराना पुल ले रहा लोगों की जान

सिंध नदी का पुराना पुल ले रहा लोगों की जान

सेंवढ़ा. सिंध नदी पर नवीन पुल का निर्माण न होने तथा शनिवार को नदी में जीप गिरने के बाद स्थानीय निवासियों में गुस्सा है। पुल निर्माण की मांग को लेकर लोगों ने रविवार को फिर आंदोलन की रणनीति बनाई। रविवार को पूरे दिन बाजार भी बंद रहा। सोमवार से पुल निर्माण की मांग को लेकर पांच दिवसीय धरना शुरू होगा।

सिंध नदी में पिछले साल बाढ़ आने के दौरान विगत चार अगस्त २०२१ को सेंवढ़ा में सिंध नदी पर बना पुल बह गया था। पुल बहने के बाद लोगों को रियासतकालीन पुराने पुल से होकर निकलना पड़ रहा है। यह पुल संकरा होने की बजह से कई दुर्घटनाएं हो चुकी हैं। बीते रोज शनिवार को एक जीप अनियंत्रित होकर पुल से नदी में गिरने के बाद एक व्यक्ति की मौत हो गई। इससे पहले दो और लोग अपनी जान गंवा चुके हैं। शनिवार को हुई घटना के बाद लोगों में फिर आक्रोश बढ़ गया है। पुल बहने के बाद से ही नदी पर नवीन पुल का निर्माण कराने की मांग की जा रही है और कई बार आंदोलन हो चुके हैं लेकिन शासन इस ओर कोई ध्यान नहीं दे रहा है।

मुख्यमंत्री से मिलेगा प्रतिनिधिमंडल
सेंवढ़ा में पुल निर्माण की मांग को लेकर जहां गणमान्य नागरिक सेंवढ़ा में धरने पर बैठेंगे वहीं एक प्रतिनिधि मंडल भोपाल रवाना होगा। भोपाल में यह प्रतिनिधि मंडल मुख्यमंत्री से मुलाकात करेगा तथा पुल निर्माण की मांग रखेगा साथ ही पुल टूटने के बाद आ रही समस्याओं से अवगत कराएगा। प्रतिनिधि मंडल १४ दिसंबर की रात भोपाल के लिए रवाना होगा और १५ दिसंबर को मुख्यमंत्री से मुलाकात करेगा।

पुल स्वीकृत न होना घोर आपराधिक लापरवाही
सेंवढ़ा पुल को टूटे हुए डेढ़ साल से अधिक का समय हो गया है पर सरकार ने पुल के निर्माण का कार्य स्वीकृत नहीं किया। यह घोर व आपराधिक लापरवाही है। यह आरोप सेंवढ़ा विधायक घनश्याम ङ्क्षसह ने लगाया है। उन्होने कहा कि पुल के निर्माण को स्वीकृत कराने के लिए मैं विधानसभा में मामला उठा चुका हूं। सेंवढ़ा में बड़ा आंदोलन किया। यहां तक कि व्यापारियों ने भी अलग से आंदोलन कर सेंवढ़ा पुल के निर्माण की मांग की परन्तु सरकार नहीं सुन रही है।