
Life of two lives due to child marriage is dark
दौसा. बाल विवाह सामाजिक बुराई ही नहीं, बल्कि समाज के लिए कलंक भी है। यह ऐसी कुरीति है जिसमें एक नहीं दो नाबालिग युवक-युवतियों को परिणय सूत्र में बांधकर उनका जीवन अंधकारमय कर देते हैं। बाल विवाह को जड़ से नष्ट करने के लिए जनजागृति लानी होगी। इसके लिए लोगों को एकजुट होकर संदेश देना होगा।
नहीं होने देंगे बाल विवाह
दौसा शहर के राजकीय बालिका उच्च माध्यमिक विद्यालय गांधी चौक में शुक्रवार को कार्यक्रम आयोजित कर विद्यार्थियों व स्टाफ ने बाल विवाह नहीं होने देने की शपथ ली। प्रधानाचार्य माधुरी गुप्ता ने कहा कि बाल विवाह समाज के लिए अभिशाप है। शिक्षा व लोगों में जागृति के माध्यम से ही ऐसी कुरीति पर रोक लगाई जा सकती है।
पिछले कई सालों में जिले में शिक्षा के प्रति बढ़ती जागृति है। उन्होंने कहा कि कभी बालिकाओं को घर से बाहर निकलने नहीं देते थे, लेकिन आज वहीं बालिकाएं निरन्तर विकास कर रही है। सभी को बाल विवाह रोकथाम में आगे आना होगा।
नगर परिषद के उपसभापति वीरेन्द्र शर्मा ने कहा कि बाल विवाह को समाप्त करने के लिए लोगों में जागृति लानी होगी। उन्होंने कहा कि क्षेत्र में होने वाले बाल विवाह रोकथाम के लिए अधिकारियों , जनप्रतिनिधियों के अलावा आमजन को भी आगे आना होगा।
उन्होंने कहा कि बाल विवाह से समाज को नुकसान भोगना ही पड़ता है, वहीं बंधन में बंधने वाले दम्पती को भी जीवन भर इसका नुकसान उठाना पड़ता है। प्रत्येक समाज इस कुरीति को त्यागे। उन्होंने कहा कि कुरीतियां ही समाज के विकास में बाधक होती है।
भुगतने पड़ते हैं दूरगामी परिणाम
बाल विवाह के बाद दो मासूम जिंदगियों को इसके दूरगामी परिणाम भुगतने पड़ते हैं। हालांकि शिक्षा के फैल रहे उजियारे से बाल विवाहों में कमी आई है। बाल विवाह को जड़ से समाप्त करने के लिए सभी समुदायों को जागृत करना होगा।
डॉ. केसी. शर्मा फिजीशियन, रामकरण जोशी चिकित्सालय दौसा
कंट्रोल रूम पर दें सूचना
बाल विवाह समाज एवं देश के लिए अभिशाप है। क्षेत्र में बाल विवाह होने की जानकारी मिलने पर इसकी सूचना पुलिस प्रशासन या मुख्यालयों पर बनाए गए कन्ट्रोल रूम पर दें। ताकि बाल विवाह जैसी कुरीति पर अंकुश लग सके।
रविशंकर शर्मा, वरिष्ठ अध्यापक, राज. सी. उ. मा. वि. लवाण
बाल विवाह रुकवाने के लिए प्रेरित
दौसा. नेहरू युवा केन्द्र दौसा के तत्वावधान में शुक्रवार को युवा मण्डल एवं ग्रामीण युवाओं को बाल विवाह की रोकथाम के लिए प्रेरित किया। ब्लॉक राष्ट्रीय युवा स्वयंसेवक रौनक शर्मा ने बताया कि बाल विवाह एक सामाजिक कलंक है। सुनील प्रजापत, अमित बिशनपुरा, विष्णु बिशनपुरा, अनिल मल्होत्रा, विनोद बैरवा, लखन बड़ौली, पवन शर्मा व महेन्द्र मीना मौजूद थे।
बांदीकुई. बाल विवाह की रोकथाम एवं पट्टा शिविर आयोजित किए जाने को लेकर शुक्रवार को पंचायत समिति सभागार में बैठक आयोजित हुई। उपखण्ड अधिकारी हिम्मतसिंह ने कहा कि आखातीज पर बाल विवाह की रोकथाम के लिए ग्राम पंचायत सचिव व पटवारी क्षेत्र में नजर रखें। यदि कोई बाल विवाह होता है तो नियंत्रण कक्ष पर सूचना दें।
उन्होंने कहा कि प्रत्येक पंचायत स्तर पर जागरुकता के लिए बैठक आयोजित करें। उन्होंने कहा कि पट्टों के लिए पटवारी सीमाज्ञान करें और पत्रावलियों पर रिपोर्ट करें।
Published on:
22 Apr 2017 10:57 am
बड़ी खबरें
View Allनई दिल्ली
दिल्ली न्यूज़
ट्रेंडिंग
