दौसा. वनरक्षक भर्ती परीक्षा के पेपर लीक मामले में हिरासत में लिए युवक को रविवार सुबह दौसा कोतवाली थाना पुलिस ने राजसमंद पुलिस के सुपुर्द कर दिया। वहीं शाम को दूसरी पारी की परीक्षा निरस्त कर दी गई। गौरतलब है कि राजसमंद में एक आरोपी दीपक शर्मा की गिरफ्तार के बाद उसने दौसा जिले के लालसोट इलाके के अजबपुरा गांव निवासी हेतराम मीना (26) को उत्तर लिखी पर्ची सोशल मीडिया के माध्यम से भेजना स्वीकार किया था।
इसके बाद राजसमंद एसपी ने दौसा एसपी संजीव नैन को इनपुट दिया, जिसके बाद जिला विशेष टीम ने आरोपी की मोबाइल लोकेशन के आधार पर उसे दूसरी पारी की परीक्षा समाप्ति के करीब एक घंटे बाद दौसा रेलवे स्टेशन से पकड़ लिया था। आरोपी जयपुर जाने के लिए स्टेशन पहुंचा था, लेकिन ट्रेन आने से पहले पुलिस पहुंच गई। चूंकि मामले की जांच राजसमंद पुलिस कर रही थी और इसलिए वहां की पुलिस के सुपुर्द कर दिया गया।
अलर्ट रही पुलिस
राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड की ओर से आयोजित दो दिवसीय वन रक्षक भर्ती परीक्षा रविवार को सम्पन्न हो गई। पहले दिन पेपर लीक की आशंका में दौसा से युवक को पकडऩे के मामले के बाद पुलिस अलर्ट रही। केन्द्र के बाहर कड़ी निगरानी रखी गई। परीक्षा केन्द्रों में जाने से पूर्व अभ्यर्थियों की सघन जांच की गई। निजी कंपनी के कार्मिकों ने मेटल डिटेक्टर से जांच की। पुलिस व स्टाफ भी जांच करता दिखा। ड्रेस कोड की पालना कराई गई। गहने, पिन, गले में डोरे, दुपट्टे पहनकर आई अभ्यर्थियों को खोलने पड़े।
62.99 प्रतिशत रही उपस्थिति
वन रक्षक परीक्षा में कुल चारों पारियों में 40 हजार 32 अभ्यर्थियों में से 25 हजार 219 (62.99 प्रतिशत) ने परीक्षा दी तथा 14 हजार 813 (37.01 त्न) अनुपस्थित रहे हैं। वहीं दूसरे दिन रविवार को सुबह पहली पारी में 10 हजार 8 में से 6 हजार 391 (63.85 प्रतिशत) उपस्थित तथा 3617 अनुपस्थित रहे। इसी तरह दूसरी पारी में 6616 उपस्थित (66.10 प्रतिशत) हाजिर हुए तथा 3392 अभ्यर्थियों की अनुपस्थिति दर्ज की गई। परीक्षा के दौरान उडऩदस्ते सहित अधिकारी केन्द्रों का जायजा लेते रहे। वहीं परीक्षा समाप्ति के बाद बस स्टैण्डों व सड़कों पर अभ्यर्थियों की भीड़ जमा हो गई। रोडवेज बसों में चढऩे के लिए मारामारी देखने को मिली।