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राजस्थान की ऐसी सीट जहां से 4 बार पिता और 2 बार पुत्र रह चुके हैं विधायक, भाजपा ने इस बार भागचंद टांकड़ा को दिया है टिकट

Rajasthan Election 2023: दौसा जिले की बांदीकुई विधानसभा सीट पर अब तक 15 बार हुए विधानसभा चुनाव में 8 बार कांग्रेस को सफलता मिली है। वहीं 3 बार भाजपा, 2 बार स्वतंत्र पार्टी, 1-1 दफा बसपा व निर्दलीय भी बाजी मार चुके हैं।

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दौसा

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Santosh Trivedi

Oct 17, 2023

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rajasthan election 2023: दौसा जिले की बांदीकुई विधानसभा सीट पर अब तक 15 बार हुए विधानसभा चुनाव में 8 बार कांग्रेस को सफलता मिली है। वहीं 3 बार भाजपा, 2 बार स्वतंत्र पार्टी, 1-1 दफा बसपा व निर्दलीय भी बाजी मार चुके हैं। आजादी के बाद से राजस्थान में पहले विधानसभा चुनाव के साथ ही बांदीकुई विधानसभा सीट अस्तित्व में आ गई थी। यह एक ऐसी सीट है जहां से चार बार पिता और दो बार पुत्र विधायक रह चुके हैं।

भाजपा ने दिया है टांकड़ा को टिकट
पिछले चुनाव में यहां से त्रिकोणीय मुकाबले में कांग्रेस के जीआर खटाणा ने जीत दर्ज की थी। इस बार भाजपा पिछली बार बसपा से चुनाव लड़े भागचंद टांकड़ा को पार्टी में शामिल कर टिकट दे चुकी है। वहीं कांग्रेस में अभी टिकटों को लेकर मंथन चल रहा है। वर्तमान विधायक के अलावा तीन और दावेदारों का नाम टिकट की रेस में चल रहा है। एक बार जीत का स्वाद चख चुकी बसपा भी यहां से भवानीसिंह गुर्जर को टिकट दे चुकी है।

बदलाव की परम्परा
बांदीकई विधानसभा क्षेत्र में पिछले पांच दशक से बदलाव का दौर चल रहा है। 1972 के बाद से मात्र एक विधायक ही लगातार दूसरी बार जीत सका है और पिछले चार चुनाव से जनता किसी एक दल को भी दुबारा नहीं जीता रही है। कांग्रेस पार्टी से 1952, 1957, 1967, 1972 में विशम्भरनाथ जोशी विधायक बने तो 1962 में स्वतंत्र पार्टी के मथुरेश बिहारी की जीत हुई थी। 1977 में जनता पार्टी के विजयसिंह नंदेरा तो 1980 में भाजपा के नाथूसिंह विजयी रहे।

1985 में फिर कांग्रेस ने वापसी की और और चन्द्रशेखर शर्मा ने जीत दर्ज की। 1990 में भाजपा के रामकिशोर सैनी जीत गए। वहीं 1993 व 1998 में कांग्रेस के शैलेन्द्र जोशी ने लगातार दो चुनावों में जीत दर्ज की। 2003 में बसपा से मुरारीलाल मीना, 2008 में निर्दलीय रामकिशोर सैनी, 2013 में भाजपा से अलका सिंह गुर्जर तथा 2018 में कांग्रेस के गजराज खटाणा ने जीत का परचम लहराया है।

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क्षेत्र में चढ़ने लगा चुनावी रंग
विधानसभा चुनाव को लेकर अब चुनावी माहौल बनता जा रहा हैं। शहरों से लेकर गांवों तक चुनावी चर्चाओं का दौर देखा जाने लगा हैं। गांवों की अथाई पर पंच पटेल भी चुनाव को लेकर पुराने किस्से सुनाते दिखते हैं। प्रत्याशियों को लेकर लोग बहस करते भी नजर आते हैं। सामान्य बांदीकुई विधानसभा क्षेत्र से भाजपा ने लगातार दूसरी बार सैनी-माली समाज से प्रत्याशी को मैदान में उतारा है। ऐसे में अब कांग्रेस के टिकट को लेकर चर्चाओं का दौर हैं।

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