
Rajasthan Rain 2024 : दौसा जिले में इस बार सावन में हुई बढ़िया बारिश के चलते अब बांध-तालाब, एनिकट, तलाई आदि लबालब होने लगी हैं। कई सालों बाद जिले में जगह-जगह पहाड़ों से झरने बह निकले हैं। हालांकि अब बारिश से जनजीवन भी प्रभावित होने लगा है। जिले में कई जगह निचले इलाके जलमग्न हैं। ग्रामीण इलाकों में रास्तों में आवागमन बाधित हो गया है। खेत लबालब होने से फसलें भी गल रही हैं।
लालसोट क्षेत्र में बहने वाली बिछ्या नदी में सीजन में पहली बार पानी की खूब आवक हुई। सरपंच विष्णु बीलका एवं पूर्व सरपंच प्रतिनिधि सीताराम मीना ने बताया कि बिछ्या नदी में 10 बाद पानी की जोरदार आवक हुई है, इससे पहले सन 2014 में पानी की जोरदार आवक हुई थी। यह नदी मोरेल नदी में जाकर मिलती है, जिससे मोरेल बांध का जल स्तर और बढेगा। बिछ्या गांव के पास नदी की रपट पर करीब दो फीट तक पानी बहा, जिससे कुछ देर तक लालसोट-तूंगा रोड पर छोटे वाहनों का आवागमन भी प्रभावित रहा।
भांडारेज तहसील मुख्यालय क्षेत्र में रविवार को हुई तेज बारिश से गांवों में अधिकांश कच्चे बांध व एनिकट लबालब हो गए आमटेढ़ा देवनवाड़ा के बीच बने एनिकट व देवरी बांध के टूटने के चलते गढ़ ,सराय , देवरी देवरी, आमटेडा, देवनवाड़ा का पानी गोठड़ा में होते हुए कालाखो में दोपहर बाद से लगातार जा रहा था।
ग्रामीणों का कहना है कि 14 साल बाद कालाखो बांध में करीब तीन-चार फीट पानी देखने को मिल रहा है। दूसरी ओर अधिकांश एनिकटों पर चादर चल रही है। कच्ची तलाई पूरी तरह से लबालब हो गई है। बताया जा रहा है कि बारिश लगातार जारी रहती है तो कालाखो बांध में पानी खासी संख्या में पहुंचेगा। भांडारेज के समीप खारंडी नदी में भी पानी का बहाव दिनभर चलता रहा। दौसा से लालासर रोड पर स्थित रानोली नदी में भी पानी की आवक दिनभर जारी रही।
Published on:
12 Aug 2024 04:29 pm
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