22 जनवरी 2026,

गुरुवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

नवसाक्षरता कार्यक्रम: 1118 सामाजिक चेतना केंद्रों पर 15 से लेकर 80 साल तक के 91 प्रतिशत नवसाक्षरों ने उत्साह से दी परीक्षा

करीब 5 माह से किया जा रहा था कक्षाओं का संचालन, परीक्षा के लिए लक्ष्य था 17768 का, शामिल हुए 16296 नवसाक्षर

2 min read
Google source verification
नवसाक्षरता कार्यक्रम: 1118 सामाजिक चेतना केंद्रों पर 15 से लेकर 80  साल तक के 91  प्रतिशत  नवसाक्षरों ने उत्साह से दी परीक्षा

नवसाक्षरता कार्यक्रम: 1118 सामाजिक चेतना केंद्रों पर 15 से लेकर 80 साल तक के 91 प्रतिशत नवसाक्षरों ने उत्साह से दी परीक्षा

देवास. असाक्षरता के अंधेरे को दूर करते हुए सामाजिक चेतना केंद्रों में करीब 5 माह की कक्षाओं में अध्यापन की शुरुआती गतिविधियों में भागीदारी करके साक्षरता की राह पर चल रहे नवसाक्षरों की परीक्षा रविवार को हुई। शहर सहित अंचल में 1118 सामाजिक चेतना केंद्रों पर सुबह 10 से शाम 5 बजे तक हुई परीक्षा में किशोरों से लेकर 80 साल तक के बुजुर्गों में उत्साह देखने को मिला। परीक्षा में 91 प्रतिशत नवसाक्षरों ने भागीदारी की। परीक्षा के लिए 17768 नवसाक्षरों की भागीदारी का लक्ष्य रखा गया था जिसमें से 16296 ने भागीदारी की। कलेक्टर ऋषव गुप्ता ने परीक्षाओं का जायजा लिया। एसडीएम, तहसीलदार, डीपीसी, डीईओ, बीआरसी, जिला प्रौढ़ शिक्षा कार्यालय स्तर पर टीमों का गठन परीक्षा के लिए किया गया था।
1118 नोडल अधिकारियों ने हाथोंहाथ चेक की कॉपियां
जिला प्रौढ़ शिक्षा अधिकारी राजेंद्र सक्सेना ने बताया परीक्षा के दौरान हर सामाजिक चेतना केंद्र पर नोडल अधिकारियों को जिम्मेदारी सौंपी गई थी। 1118 केंद्रों पर नोडल अधिकारियों ने हाथोंहाथ नवसाक्षरों की कॉपियों को चेक भी किया। जिला सह समन्वयक शैलेष पाटीदार ने बताया आगामी एक सप्ताह के अंदर परीक्षा परिणाम को 52 निर्धारित कॉलम के अनुसार एक्सल शीट पर अपलोड किया जाएगा। नोडल अधिकारियों के ऊपर संकुल सहसमन्वयक, ब्लॉक सहसमन्वयक, जिलास्तर से सहसमन्वयक परीक्षा की मॉनिटरिंग में लगे रहे।
बागली को छोड़ हर ब्लॉक में लक्ष्य से ज्यादा उपस्थिति
बागली विकासखंड को छोड़ दिया जाए तो शेष अन्य ब्लॉक देवास, टोंकखुर्द, सोनकच्छ, कन्नौद व खातेगांव में लक्ष्य से अधिक नव साक्षरों ने परीक्षा में भागीदारी की। लक्ष्य से सबसे अधिक उपस्थिति खातेगांव ब्लॉक में रही।

आपने इस उम्र में पढ़ाई करने का निर्णय लिया, यह साहस का कार्य
नवभारत साक्षरता कार्यक्रम अंतर्गत मूलभूत साक्षरता एवं संख्यात्मकता मूल्यांकन परीक्षा का कलेक्टर गुप्ता ने निरीक्षण किया। उन्होंने बुजुर्ग नवसाक्षरों से कहा आपने इस उम्र में पढ़ाई करने का निर्णय लिया है यह बहुत साहस का कार्य है। आप पढ़ाई करें पढ़ाई से आपका आगे का जीवन सफल होगा। कलेक्टर ने ग्रामीण एवं शहरी केन्द्रो का निरक्षण किया तथा परीक्षार्थियों एवं अक्षरसाथी से चर्चा भी की। कलेक्टर ने प्रौढ़ परीक्षार्थियों से इस परीक्षा के बाद भी अपनी पढ़ाई निरंतर जारी रखने के लिए कहा और कम से कम 10वी उत्तीर्ण हों, इस लक्ष्य को लेकर चलें।