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सुपर मार्केट अध्यक्ष को इतना प्रताडि़त किया था की खा ली थी सल्फास

२५ मई को अध्यक्ष विश्वास जोशी ने मानसिक रूप से प्रताडि़त होकर की थी आत्महत्या

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देवास

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Amit Mandloi

Aug 28, 2018

dewas

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पुलिस ने मार्केट के व्यापारी के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने का केस किया दर्ज
देवास.सुपर मार्केट के अध्यक्ष बनने के कुछ ही साल में सूरत बदलने वाले विश्वास (३६) पिता रमेश जोशी ने गत २५ मई को मानसिक रूप से प्रताडि़त होकर सल्फास की गोलियां खा लीथी। विश्वास को उपचार के लिए परिजन तत्काल इंदौर के बॉबे हॉस्पिटल में ले गए थे, जहां पर उपचार के दौरान मौत हो गईथी। इस मामले में बीएनपी पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू की तो पता चला कि सुपर मार्केट का ही आरोपित व्यापारी ईश्वर पिता स्व. कन्हैयालाल परियानी निवासी मोतीबंगला देवास मार्केट का हिसाब-किताब बार-बार मांगकर मानसिक रूप से प्रताडि़त करताथा। इस प्रताडऩा से तंग आगर विश्वास ने जीवनलीला समाप्त कर ली थी। बताया जाता है कि आत्महत्या वाले दिन थप्पड़ भी मारे गए थे।
बीएनपी पुलिस ने बताया कि थाने के जांचकार्त एएसआई सुरेश मिश्रा ने मर्ग जांच के दौरान पाया कि मृतक विश्वास के भाईसुनील जोशी, साक्षी संतोष पंचोली, मित्रगण दिनेश यादव, दिनेशसिंह कुशवाह, संतोष चंदेल, दीपेश नागेश, पत्नी सुनीताबाई व पिता रमेश जोशी के कथन लिए, जिसमें सभी मानसिक रूप से प्रताडऩा की बातें कही गई। इसके बाद पीएम रिपोर्ट के बाद जांच में पाया कि आरोपित ईश्वर परियानी द्वारा सुपर मार्केट व्यापारिक सामाजिक कल्याण समिति के अध्यक्ष मृतक विश्वास निवासी राधागंज को समिति के हिसाब-किताब के लेन-देन की बात को लेकर मानसिक रूप से प्रताडि़त कर बदनाम किया जा रहा था। मानसिक प्रताडऩा से तंग आकर एवं बदनामी के कारण विश्वास ने सल्फास की गोली खाकर आत्महत्या कर ली। ईश्वर के खिलाफ धारा ३०६ का अपराध दर्ज कर लिया गया है। गौरतलब है कि सुपर मार्केट में ३२२ से अधिक दुकानें व्यापारियों के द्वारा संचालित की जाती हैं। तीन साल पहले विश्वास जोशी को नया अध्यक्ष बनाया गयाथा। विश्वास के अध्यक्ष बनने से पहले मार्केट की दयनिय स्थिति थी। परिसर में आवारगर्दी, शराबखोरी रात में होती थी, जिसे बंद कर व्यवस्था दूरूस्त की थी। विश्वास की मार्केट के साथ ही शहर में काफी इज्जत थी और उसे मार्केट में ही मानसिक रूप से प्रताडि़त कर दिया था, जिससे वह नर्वस हो गए थे। विश्वास ने मार्केट के मुय छोटे-बड़े ८ गेटों, चैनल व सीसीटीवी कैमरे ३ लाख से अधिक की लागत में लगवाए थे। बार-बार हिसाब मांगने से वह अंदर से टूट गए और घर जाकर सल्फास की गोलियां खा ली थी। गोली खाने के बाद वह बदहवास अवस्था में भोपाल चौराहे तक पहुंचे थे, जिन्हे इंदौर ले जाया गया था। पुलिस आरोपित की सरगर्मी से तलाश कर रही है।