22 जनवरी 2026,

गुरुवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

शर्मसार: जंगल ले जाकर गूंगी लड़की से दुष्कर्म, दर्द से तड़पती बेटी ने मां को इशारों में बताई हैवानियत के बारे में

धमतरी जिले में एक शर्मसार कर देने वाला मामला सामने आया है। जहां एक युवक ने गूंगी बच्ची को जंगल ले जाकर दुष्कर्म किया।

less than 1 minute read
Google source verification
शर्मसार: जंगल ले जाकर गूंगी लड़की से दुष्कर्म, दर्द से तड़पती बेटी ने मां को इशारों में बताई हैवानियत के बारे में,शर्मसार: जंगल ले जाकर गूंगी लड़की से दुष्कर्म, दर्द से तड़पती बेटी ने मां को इशारों में बताई हैवानियत के बारे में

शर्मसार: जंगल ले जाकर गूंगी लड़की से दुष्कर्म, दर्द से तड़पती बेटी ने मां को इशारों में बताई हैवानियत के बारे में

धमतरी. छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में एक शर्मसार कर देने वाला मामला सामने आया है। जहां एक युवक ने गूंगी बच्ची को जंगल ले जाकर दुष्कर्म किया। जब दर्द से तड़पती बच्ची ने मां को इशारों में हैवानियत के बारे में बताया तो उसके होश उड़ गए फिर जो हुआ...

यह मामला नगरी ब्लाक के ग्राम गुहाननाला का है। न्यायालयीन सूत्रों के अनुसार शहर से श्रवण बाधितार्थ स्कूल में पढ़ने वाली नाबालिग छात्रा गर्मी की छुट्टी में घर गई थी। इस बीच बीते 2 जून 2019 को वह घर के पास खेल रही थी, तभी गांव के ही युवक मुकेश निषाद (28) पिता ईश्वर ने उसे इशारा कर अपने पास बुलाया। इसके बाद घूमाने ले जाने के बहाने उसे अपनी साइकिल में बैठा लिया। गांव की गलियों से घूमाते हुए शाम साढ़े 6 बजे वह जंगल की ओर ले गया और जबर्दस्ती उसके साथ शारीरिक शोषण किया।

रोते हुए किसी तरह बच्ची अपने घर पहुंची और माता-पिता को इशारों मेें आपबीती बताई। परिजन उसे लेकर सीधे दुगली थाना पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई। मामले की गंभीरता को देखते हुए दुगली ने तत्काल धारा 376 (2) एवं धारा 06 पाक्सो एक्ट के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया। इसके बाद दबिश देकर युवक मुकेश निषाद को गिरफ्तार कर लिया।

मामले की विवेचना के बाद पुलिस ने केस डायरी न्यायालय में पेश किया,जहां मामले की अंतिम सुनवाई विशेष न्यायालय (पाक्सो) छमेश्वर लाल पटेल के न्यायालय में हुई। मामले में सभी सबूतों को देखने और गवाहों को सुनने के बाद न्यायालय ने उन्हें दोष सिद्ध पाया। इसके बाद धारा 376 (2) एवं धारा 06 के तहत उन्हें 20 वर्ष सश्रम कारावास की सजा सुनाई। 5 हजार अर्थदंड से भी दंडित किया। अर्थदंड की राशि अदा नहीं करने पर उसे 6 माह अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी।