
नक्सल उन्मूलन अभियान (photo source- Patrika)
Naxal Operation: धमतरी जिले में नक्सल उन्मूलन अभियान असरदार तरीके से चलाया जा रहा है। अभियान के तहत पुलिस नक्सल प्रभावित इलाकों में लगातार सर्चिंग कर रही है और कार्रवाई करने के लिए इंटेलिजेंस नेटवर्क को मजबूत कर रही है। इसी क्रम में, जनवरी 2026 में सरेंडर करने वाली 5 लाख रुपये की इनामी महिला नक्सली भूमिका उर्फ गीता उर्फ लता उर्फ सोमारी से मिली अहम जानकारी के आधार पर पुलिस को एक बड़ी सफलता मिली है।
छत्तीसगढ़ सरकार और धमतरी पुलिस की सरेंडर और रिहैबिलिटेशन पॉलिसी से प्रभावित होकर सरेंडर करने वाली महिला नक्सली ने माओवाद की हिंसक सोच को छोड़ दिया और मुख्यधारा में लौट आई। सरेंडर करने वाली नक्सली की जानकारी के बाद, डिस्ट्रिक्ट रिजर्व गार्ड (DRG) धमतरी ने एक खास नक्सल सर्च ऑपरेशन शुरू किया। इस ऑपरेशन के दौरान, दाउदपंड्रीपानी के जंगल इलाके में माओवादियों द्वारा छिपाए गए हथियारों का एक डंप बरामद किया गया।
पुलिस के मुताबिक, माओवादियों ने सुरक्षा बलों से बचने के लिए हथियारों को एक गहरे गड्ढे में छिपाकर पत्तों और दूसरी प्राकृतिक चीज़ों से ढक दिया था। हालांकि, सतर्कता और सटीक खुफिया जानकारी के कारण सुरक्षा बलों ने डंप को सफलतापूर्वक ढूंढ निकाला। बरामद हथियारों के बारे में आगे की जांच और कार्रवाई जारी है। पुलिस अधिकारियों ने इसे नक्सल उन्मूलन अभियान में एक बड़ी कामयाबी बताया और कहा कि सर्च और ऑपरेशन जारी रहेंगे।
Naxal Operation: धमतरी पुलिस और DRG के लिए नक्सल विरोधी अभियान में इस ज़ब्ती को एक बड़ी कामयाबी माना जा रहा है। यह कार्रवाई न सिर्फ़ माओवादियों की हिंसक गतिविधियों को कमज़ोर करने की दिशा में एक बड़ा कदम है, बल्कि यह भी दिखाती है कि सरेंडर और रिहैबिलिटेशन पॉलिसी नक्सल प्रभावित इलाकों में अच्छा बदलाव ला रही है।
Published on:
20 Jan 2026 06:35 pm
बड़ी खबरें
View Allधमतरी
छत्तीसगढ़
ट्रेंडिंग
