
Bhojshala ASI Survey Report : मध्य प्रदेश में धार जिले में स्थित 13वीं शताब्दी की ऐतिहासिक भोजशाला परिसर में 98वें दिन चली आर्कियोलॉजिकल सर्वे ऑफ इंडिया के सर्वे की रिपोर्ट सोमवार को हाई कोर्ट इंदौर खंडपीठ में पेश की जाएगी। इस संबंध में पुरातत्व विभाग ने तैयारियां पूरी कर ली है। सच जानने सर्वे रिपोर्ट पर सबकी निगाहें टिकी हुई हैं। रिपोर्ट के आधार पर हाईकोर्ट मामले की सुनवाई करेगा। हालांकि, अगली सुनवाई 22 जुलाई को होगी।
आपको बता दें कि, धार जिले के भोजशाला मंदिर वर्सेस कमाल मौला मस्जिद परिसर में एएसआई टीम द्वारा किया गया वैज्ञानिक सर्वे बड़ी बारीकी से हिंदू और मुस्लिम पक्षकारों की मौजूदगी में पूरा किया गया है। हालांकि, बीच बीच में पक्षकारों की तरफ से कुछ आपत्तियां भी आती रहीं, लेकिन सर्वे टीम द्वारा उन मामलों को सुलझाया गया। अब इसी सर्वे की रिपोर्ट तैयार हो चुकी है। इस दौरान 98 दिन से अधिक सर्वे कार्य चला। आर्कियोलॉजी सर्वे आफ इंडिया ने अलग-अलग इलाकों की निशानदेही कर खुदाई में कई विशेष अवशेष जमीन से निकाले। इसमें भोजशाला की दीवार, पिलर के साथ ही खुदाई के दौरान 37 देवी-देवताओं की मूर्तियां तक मिलने की बात सामने आ रही है।
उल्लेखनीय है कि इंदौर हाई कोर्ट ने 11 मार्च को भोजशाला में 500 मीटर के दायरे में वैज्ञानिक सर्वे कार्य करने का आदेश एएसआई को दिया था। ये सर्वे 22 मार्च से शुरू होकर 27 जून तक 98 दिन किया गया। सर्वे के दौरान खुदाई भी की गई। फोटोग्राफी व वीडियोग्राफी की गई।
बता दें कि एएसआई को पहले 4 जुलाई को सर्वे रिपोर्ट हाई कोर्ट में प्रस्तुत करनी थी, लेकिन रिपोर्ट तैयार नहीं हो पाने के चलते एएसआई टीम ने कोर्ट से 10 दिन का अतिरिक्त समय लेने की मांग की थी। इसपर कोर्ट ने स्वीकृति देते हुए 15 जुलाई को रिपोर्ट पेश करने के आदेश दिए थे।
वहीं, जैन समाज का प्रतिनिधित्व करने वाली एक संस्था के कार्यकर्ता ने भी हाई कोर्ट में याचिका दाखिल कर भोजशाला को जैन धार्मिक स्थल होने का दावा किया है। उस पर भी हाई कोर्ट में सुनवाई की जानी है।
Updated on:
15 Jul 2024 09:54 am
Published on:
15 Jul 2024 09:49 am
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