ये है हनुमान जयंती पर पूजा का शुभ मुहूर्त, इन उपायों को करने से तुरंत बदलेगा भाग्य

हनुमान जयंती के दिन कुछ बेहद ही आसान से उपाय अपना कर आप आसानी से अपनी सभी समस्याओं से छुटकारा पा सकते हैं।

By: सुनील शर्मा

Published: 26 Apr 2021, 07:12 PM IST

यदि जन्मकुंडली में किसी भी तरह का ग्रह दोष हो या जीवन में किसी भी तरह की कठिनाई आ रही हो तो रामभक्त हनुमान की सेवा और पूजा करने से तुरंत सभी समस्याएं दूर हो जाती हैं। हर वर्ष चैत्र मास की पूर्णिमा को हनुमान जयंती मनाई जाती है। इस वर्ष 27 अप्रैल को चैत्र मास की पूर्णिमा है। हनुमान जयंती के दिन कुछ बेहद ही आसान से उपाय अपना कर आप आसानी से अपनी सभी समस्याओं से छुटकारा पा सकते हैं। आइए जानते हैं हनुमान जयंती पर पूजा के शुभ मुहूर्त तथा ज्योतिष के उपायों के बारे में

यह भी पढ़ें : शनि व मंगल को हनुमानजी के इस उपाय तुरंत दूर होती है बड़ी से बड़ी बाधा, बनता है राजयोग

इस बार चैत्र मास की पूर्णिमा सोमवार (26 अप्रैल 2021) को दोपहर 12.44 बजे आरंभ होगी तथा मंगलवार (27 अप्रैल 2021) को सुबह 9 बजकर एक मिनट पर पूर्ण होगी। भारतीय शास्त्रों में उगते सूर्य को प्राथमिकता दी जाती है। इसलिए हनुमान जयंती 27 जनवरी को मनाई जाएगी। पूजा के लिए सुबह 9 बजे तक समय सर्वश्रेष्ठ है। इसके बाद कृष्ण पक्ष की प्रतिपदा आरंभ हो जाएगी।

यह भी पढें: हनुमानजी का ये छोटा सा उपाय बदल देगा जिंदगी, इन समस्याओं का है रामबाण उपाय

यह भी पढें: इसलिए चढ़ाई जाती हैं मंदिरों में बलि, आज भी नारियल और नींबू की बलि चढ़ती है

कैसे करें बजरंग बली की पूजा
रामदूत को प्रसन्न करने के लिए सुबह जल्दी ही स्नान आदि से निवृत्त होकर हनुमान मंदिर में जाएं। वहां हनुमानजी को चमेली के तेल या घी में सिंदूर मिला कर चोला चढ़ाएं। उन्हें फूल, माला, दीपक, धूप, प्रसाद आदि समर्पित करें। इसके बाद वहीं बैठकर सुन्दरकांड का पाठ करें। ध्यान दें कि हनुमान जी की पूजा करते समय भगवान राम तथा सीताजी की पूजा अवश्य करें। उनकी पूजा से ही बजरंग बली को अधिक प्रसन्नता मिलेगी।

यह भी पढें: पीली सरसों के टोटके, करते ही दिखाते हैं असर, लेकिन मिसयूज न करें

इन उपायों को भी आजमा सकते हैं आप

  • हनुमान जयंती के दिन आप बंदरों को गुड़-चना खिलाएं। इससे कुंडली में आ रहे सभी दोष दूर होंगे।
  • यदि संभव हो तो शिव मंदिर अथवा हनुमान मंदिर में जाकर राम नाम का अधिक से अधिक जाप करें। हनुमानजी को प्रसन्न करने के लिए राम नाम से बड़ा कोई दूसरा मंत्र नहीं है।
  • गोस्वामी तुलसीदातकृत रामचरितमानस के सुंदरकांड का पाठ करें। इसके बाद बच्चों को प्रसाद बांट दें। संभव हो तो गरीबों को यथासंभव दान करें। इस उपाय से भी अंजनीनंदन तुरंत प्रसन्न होकर सभी मनोकामनाएं पूर्ण करते हैं।
सुनील शर्मा
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned