15 जनवरी 2026,

गुरुवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

होम

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

जानें शनि की शुभ दृष्टि से कैसे बदल जाता है व्यक्ति का भाग्य

प्रसन्न हो हर कामना पूरी करते हैं शनिदेव

2 min read
Google source verification

image

Shyam Kishor

Apr 10, 2020

जानें शनि की शुभ दृष्टि से कैसे बदल जाता है व्यक्ति का भाग्य

जानें शनि की शुभ दृष्टि से कैसे बदल जाता है व्यक्ति का भाग्य

ज्योतिष शास्त्र के अनुसार न्याय के देवता माने जाने वाले सूर्य पुत्र शनिदेव की कृपा दृष्टि जिस किसी के उपर भी पड़ जाती है उसके जीवन का भाग्योदय शुरू होने से कोई नहीं रोक सकता है। शनि देव केवल उन्हीं लोगों से प्रसन्न होते हैं, जो न्याय के मार्ग पर चलते हैं। अगर आप चाहते हैं कि शनिदेव की शुभ दृष्टि हमेशा आप पर बनी रहे तो ये उपाय जरूर करें।

पाना है बजरंग बली की भरपूर कृपा तो शनिवार को घर पर ही करना न भूले ये काम

1- अगर किसी को शनि देव की कृपा नहीं मिल रही है तो काले घोड़े की नाल या नाव की कील से अंगूठी बनाकर अपनी मध्यमा उंगली में शनिवार के दिन सूर्योदय से लेकर सूर्यास्त बीच कभी भी ऊँ शनिदेवाय नमः मंत्र का 108 बार जप करके पहन लें।

2- हर शनिवार को काले तिल के साथ आटा और शक्‍कर मिलाकर उसे चींटियों के खाने के लिये डालें।

3- शनि दोषों से मुक्‍ती पाने के लिये उनके इन नामों का 108 बार जप करें। नाम इस प्रकार है- कोणस्थ, पिंगल, बभ्रु, कृष्ण, रौद्रान्तक, यम, सौरि, शनैश्चर, मंद, पिप्पलाश्रय।

4- शनिवार के दिन काले तिल, काला कपड़ा, कंबल, लोहे के बर्तन, उदड़ की दाल का दान करें। इससे शनि देव खुश होकर शुभ फल देते हैं।

इन चार राशि वालों की घर बैठे चमकने वाली है किस्मत, देखें कहीं आपकी राशि तो नहीं

5- शनिवार के दिन बंदरों को गुड़ और चने खिलाएं एवं श्री हनुमान चालीसा का पाठ करें। ऐसा करने से शनि दोषों का सामना नहीं करना पड़ता।

6- शनिवार के दिन शनिदेव की पूजा करें अैर उन्हें नीले रंग के फूल अर्पित करें।

7- शनिवार के दिन इस शनि मंत्र ।। ऊँ शं शनैश्चराय नमः ।। का रुद्राक्ष की माला से 108 बार जप करने से शनिदेव की कृपा हमेशा बनी रहती है।

8- अगर कुंडली के अनुसार शनि आपको परेशान कर रहा है तो लगातार 40 दिनों तक शनिदेव के मंत्रों का जप एवं श्री शनि चालीसा का पाठ सुबह शाम करने से सभी तरह के शनि दोषों से मुक्ति मिलने लगती है।

******************