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Dholpur: बारिश की बेरुखी तो महंगाई की मार, हरी सब्जियों के बढ़े दाम

मौसम की बेरुखी का असर बाजार पर भी दिखने लगा है। हरी सब्जियों जो अभी तक सामान्य भाव में बिक रही थी लेकिन बीते पन्द्रह दिन में इनके भाव बढ़ रहे हैं।
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दुकान पर बिकने के लिए रखी सब्जी

धौलपुर. कब किस वस्तु पर दाम यकायक बढ़ जाए आजकल पता नहीं चल रहा। पेट्रोल-डीजल के बीते दिनों बढ़ोतरी के बाद अब मौसम की बेरुखी का असर बाजार पर भी दिखने लगा है। मानसूनी बारिश ने जिस तरह एंट्री की तो लगा सामान्य बारिश तो रहेगी लेकिन अब बीते कुछ दिनों से बारिश पर बैन लगा हुआ है और असर जमीन पर दिख रहा है।

हरी सब्जियों जो अभी तक सामान्य भाव में बिक रही थी लेकिन बीते पन्द्रह दिन में इनके भाव बढ़ रहे हैं। रविवार को मंडी में हरी सब्जी तौरई का भाव 50 से 60 रुपए प्रतिकिलो तक पहुंच गया। जबकि अरवी 40 रुपए, टमाटर 40 रुपए, कद्दू 30 और लौकी 30 से 40 रुपए प्रतिकिलो के दाम पर जा पहुंचे। सलाद की प्लेट भी अब महंगी हो गई। खीरा जो पहले 20 फिर 30 और अब तो 40 रुपए किलो में बिक रहा है जो केला के बराबरी कर रहा है। यानी केला खाइए या खीरा दाम एक ही है। इसी तरह आम भी 50 से 60 रुपए किलो में आ रहा है, वह भी तौरई के संग चल रहा है। यानी इन दिनों सब्जियों फलों की होड़ में हैं। बढ़े दामों ने किचन का हिसाब बिगाड़ दिया है। पहले ही सरसों के तेल के दाम चढ़ चुके हैं और अन्य खाद्य सामग्री के दामों पर भी असर दिख रहा है। मानसूनी बारिश औसत से भी नीचे रही तो फिर अगस्त में महंगाई नए रेकॉर्ड पर जा सकती है।

लौकी और भिंडी भी अब ऐंठने लगी

बारिश नहीं होने से सब्जी मंडी में बीते एक सप्ताह से भावों में बढ़ोतरी हो रही है। लौकी अब 30 रुपए प्रति किलो से ऊपर निकल गई। भिंड़ी जो कुछ दिन पहले 20 रुपए किलो थी वह अब 40 रुपए प्रतिकिलो पर पहुंच गई। टमाटर 30 रुपए थे, वह भी अब 40 रुपए प्रतिकिलो पहुंच गए। स्थानीय मंडी में अब बेंग्लुरु का टमाटर आ रहा है और भाड़ा बढऩे से दामों में भी उछाल आ रहा है। अब मंडियों में खुदरा और थोक भावों में अंतर दिख रहा है।

सरसों तेल का तडक़ा हुआ महंगा...

फल और सब्जी के साथ खाद्य तेल के भी दाम बढऩे लगे हैं। अधिकतर फसल कट चुकी हैं और अब स्टोरेज होने के बाद सरसों के तेल का भाव भी चढऩे लगा है। इसकी सीधी मार उपभोक्ता की जेब ढीली कर रहा है। मंडी में शुक्रवार को सरसों के दाम में बढ़ोतरी दिखी और 8 हजार रुपए प्रति क्विंटल तक भाव पहुंच गए। इसका असर खुले बाजार में भी दिखने लगा है। सरसों का प्रतिलीटर भाव 150 से 160 रुपए था, वह अब बढ़ रहा है। इससे आम उपभोक्ता पर महंगाई का असर आ रहा है। बारिश नहीं हुई या फिर कम रही तो दामों में आने वाले त्योहारी सीजन से पहले उछाल आ सकता है।

मसाले और तेल का भाव

सामग्री पहले अब

सरसों तेल 150-160 170

मिर्ची पिसी 220-230 250

धनिया पिसी 150-160 240

लाल मिर्च 250-260 300 (भाव: प्रतिकिलो)