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मानसूनी वर्षा से चहके पर्यटन स्थल, 20 दिन में 314 एमएम बारिश दर्ज

जिले में प्री मानसून के तहत अच्छी बारिश देखने को मिल रही है। जिसके चलते बाड़ी उपखंड के आसपास के तमाम जलस्तर नई ऊंचाइयों को छू रहे हैं क्षेत्र का सबसे बड़ा रामसागर बांध अपनी क्षमता से 9 इंच ऊपर भर चुका है ऐसे में बांध पर चादर चल रही है जहां बड़ी संख्या में सैलानी पहुंच रहे हैं मानसून के पहले 20 दिनों में ही जिले भर में 314 एमएम बारिश दर्ज की गई है।

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मानसूनी वर्षा से चहके पर्यटन स्थल, 20 दिन में 314 एमएम बारिश दर्ज Monsoon rains brighten tourist spots, 314 mm rain recorded in 20 days

रामसागर बांध का छलका पानी, अन्य बांधों में भी पानी की अच्छी आवक

dholpur. जिले में प्री मानसून के तहत अच्छी बारिश देखने को मिल रही है। जिसके चलते बाड़ी उपखंड के आसपास के तमाम जलस्तर नई ऊंचाइयों को छू रहे हैं क्षेत्र का सबसे बड़ा रामसागर बांध अपनी क्षमता से 9 इंच ऊपर भर चुका है ऐसे में बांध पर चादर चल रही है जहां बड़ी संख्या में सैलानी पहुंच रहे हैं मानसून के पहले 20 दिनों में ही जिले भर में 314 एमएम बारिश दर्ज की गई है।

उपखंड के तालाब शाही, उर्मिला सागर, आरटी बांध, उमरेह सागर बांध, हुसैनपुर बांध भी पूरी तरह से भरने की स्थिति में पहुंच चुके हैं जिले में इस बार मानसून सीजन की 48% बारिश 15 दिनों के अंदर ही दर्ज की जा चुकी है पिछले साल इसी अवधि तक केवल 33 फ़ीसदी बारिश दर्ज की गई थी।

सामान्यतः 650 एमएम रहती है मानसूनी बरसात

सिंचाई विभाग के सहायक अभियंता विवेक के अनुसार जिले में सामान्य मानसून में 650 एमएम बारिश दर्ज की जाती है मौजूदा स्थिति में रामसागर बांध में 25.10 फिट पानी है जो इसकी क्षमता 25.1 फिट से अधिक है तलाबशाही बांध में 10. 20 फीट पानी है जबकि इसकी भराव क्षमता 11 फीट है आरटी बांध में 6 फीट पानी है जो इसकी 6.5 फीट की क्षमता के करीब है उर्मिला सागर बांध में 24.80 फिट पानी है जबकि इसकी क्षमता 28 फिट है क्षेत्र का सबसे बड़ा आंगई डेम भी 223.41 मीटर की क्षमता के मुकाबले 221 मीटर तक भर चुका है अभी मानसून के 3 महीने शेष है ऐसे में एक दो बारिश के बाद ही अंदाजा लगाया जा रहा है कि सभी बांध भर जाएंगे और उन पर चादर चलेगी तो वहीं आगई बांध के भरने पर गेटों को खोले जाने की भी संभावना है।