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शहर में 2 दिन से लगा हुआ है कोरोना पर ब्रेक, तीन मरीजों को लेकर प्रशासन ने नहीं की पुष्टि

16 और मरीज हुए रिकवर, अब तक 240 संक्रमित, 163 रिकवर बाड़ी. शहर में कोरोना महामारी का खौफ तो बरकरार है, लेकिन अब पॉजिटिव मरीजों की लगातार बढ़ोतरी में 2 दिन से ब्रेक लग गया है। ऐसे में चिकित्सा प्रशासन जहां राहत महसूस कर रहा है, वहीं उपखंड प्रशासन शहर के विभिन्न क्षेत्रों में जारी कफ्र्यू को कुछ क्षेत्रों से हटाने की तैयारी में है। गुरुवार को शहर के कोरोना संक्रमित 16 और मरीज नेगेटिव हो गए।

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There has been a break on the corona for 2 days in the city, the administration did not confirm about three patients

शहर में 2 दिन से लगा हुआ है कोरोना पर ब्रेक, तीन मरीजों को लेकर प्रशासन ने नहीं की पुष्टि

शहर में 2 दिन से लगा हुआ है कोरोना पर ब्रेक, तीन मरीजों को लेकर प्रशासन ने नहीं की पुष्टि

16 और मरीज हुए रिकवर, अब तक 240 संक्रमित, 163 रिकवर

बाड़ी. शहर में कोरोना महामारी का खौफ तो बरकरार है, लेकिन अब पॉजिटिव मरीजों की लगातार बढ़ोतरी में 2 दिन से ब्रेक लग गया है। ऐसे में चिकित्सा प्रशासन जहां राहत महसूस कर रहा है, वहीं उपखंड प्रशासन शहर के विभिन्न क्षेत्रों में जारी कफ्र्यू को कुछ क्षेत्रों से हटाने की तैयारी में है। गुरुवार को शहर के कोरोना संक्रमित 16 और मरीज नेगेटिव हो गए। जिनको रिकवर होने पर अस्पताल से डिस्चार्ज किया गया। इनमें अस्पताल की प्रसूताओं को दूध दलिया वितरित करने वाला ठेकेदार भी शामिल है। जिसके चलते अस्पताल में प्रसूताओं की दूध-दलिया की सप्लाई प्रभावित हो रही थी।
अस्पताल पीएमओ डॉ. शिवदयाल मंगल ने बताया कि गुरुवार को जयपुर से आई जांच रिपोर्ट में शहर के 16 और कोरोना मरीज रिकवर हुए हैं। जिनको अस्पताल से डिस्चार्ज किया गया है। अब टोटल 240 केसों में से एक्टिव केसों की संख्या 76 रह गई है। तीन मरीजों की मृत्यु हुई है और अब तक आठ को जयपुर रैफर किया गया है। इसके अलावा अब तक 240 में से 163 मरीज रिकवर हो चुके है।

तीन पॉजिटिव मरीजों को लेकर नहीं हो सकी पुष्टि
गुरुवार को कोरोना के तीन और पॉजिटिव मरीज शहर में सामने आए है। जिनमें एक किला निवासी, दूसरा अग्रसेन कॉलोनी और तीसरा पचोरी पाड़ा निवासी युवक बताया गया है, जो जयपुर में किसी निजी अस्पताल में नर्सिंगकर्मी के रूप में तैनात था। जहां से रिपोर्ट पॉजिटिव आने पर उसे होम आइसोलेट कर किया गया है। जब उक्त तीनों मरीजों को लेकर चिकित्सा विभाग के अधिकारियों से संपर्क साधा गया तो उन्होंने मरीजों की पुष्टि नहीं की, ना ही रिपोर्ट को लेकर कोई जानकारी दी। जबकि देखने में आया कि मेडिकल स्टाफ द्वारा तीनों मरीजों को होम आइसोलेट कर उपचार भी शुरू कराया गया है।