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खपरैल मकान में गुजारा, सुविधाघर भी अधूरा

शासकीय योजनाओं का पात्र हितग्राहियों को नहीं मिल रहा लाभग्राम पंचायतों के काट रहे चक्कर

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Lived in tile house, facility is also incomplete

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गाडासरई. ग्राम में गरीबी रेखा के नीचे जीवन यापन करने वाले लोगो के लिए ग्राम पंचायत के माध्यम से आवास योजना, पेंशन, सुविधाघर जैसे योजनाएं चलाई जा रही है पर ग्राम पंचायत प्रतिनिधियों की लापरवाही के चलते किसी को आवास योजना का लाभ नही मिलता तो किसी को सुविधाघर का लाभ नहीं मिल पा रहा है। जबकि ग्राम पंचायत के सर्वे के अनुसार हितग्राही गरीबी रेखा के नीचे अपना जीवनयापन कर रहा है फिर भी उस गरीब को किसी प्रकार का लाभ नही दिया जा रहा है। वह अपने झोपडीनुमा मकान में अपना गुजारा करने मजबूर है। जिनके कच्चे मकान में हर बार बारिश उसके लिए मुसीबत लेकर आती है। बरसात का पानी उनके घर मे भर जाता है जिस कारण गरीब तबके के लोगो को परेशानियों का सामना करना पडता है। जिम्मेदार लोग शासन की सारी योजनाओं का लाभ इन गरीब लोगों को पूरी तरह नही दिला पा रहे है। एक तरफ सरकार लोगो को एक से बढकर एक योजना निकाल रही है ताकि अब किसी भी गरीब परिवार का झोपडीनुमा मकान नहीं रहेगा और हर किसी को सर्व सुविधायुक्त पक्का मकान बनाकर दिया जाएगा। यह महज कागजो तक सिमट कर रह गया है। ऐसा ही मामला जनपद पंचायत बजाग के ग्राम धनोली का प्रकाश में आया है।जनपद पंचायत से मात्र 8 किमी की दूरी पर ग्राम पंचायत धनोली के बहरा टोला निवासी कदम सिंह धुर्वे पिता जगत सिंग धुर्वे ने बताया कि वह अपने कच्चे मकान में बहुत वर्षो से रह रहा है और उसे बरसात के समय बहुत परेशानी होती है। ग्राम पंचायत द्वारा उसे आवास योजना का लाभ नहीं दिया जा रहा है वह अपनी परेशानियों को लेकर कई बार ग्राम पंचायत जाता है पर उसे कोई फायदा नही हुआ। दो साल पहले उसे ग्राम पंचायत से सुविधाघर का लाभ दिया गया पर पंचायत ने कदम सिंह का सुविधाघर आधा अधूरा बनाकर छोड दिया। निर्माण कार्य नही कराया गया तो जो बना था वह भी गिर गया। कदम सिह सुविधाघर की सभी ईटों को दो साल से सहेजकर इस आस में रखे हुए है कि आज नही तो कल ग्राम पंचायत से कोई तो सुविधाघर की खबर लेने आएगा। ग्राम पंचायत से सचिव सरपंच ने उस गरीब की खबर नही ली।