
आज आपको भुजंगासन (Cobra Pose) के बारे में बताने जा रहे हैं। ये एक ऐसा आसन है जिससे पूरे शरीर ही नहीं शरीर के अंगों को भी लाभ पहुंचता है। खास बात ये है कि इस आसन को करना आसान है और इसे करने के फायदे बहुत हैं। तो चलिए जाने की इस आसन को करने के क्या-क्या फायदे हैं।
भुजंगासन करना आसान है, लेकिन शुरुआत अगर आप कर रहे हैं तो पहले अर्ध भुजंगासन ही करें। भुजंगासन को कोबरा पोज भी कहा जाता है। ऐसा इसलिए क्योंकि इस आसान में शरीर का ऊपरी भाग कोबरा के फन की तरह उठाया जाता है। भुजंगासन उन कुछ योगासनों में से एक है, जो पैर की उंगलियों से लेकर सिर तक पूरे शरीर को लाभ पहुंचाता है।
भुजंगासन करने के स्वास्थ्य लाभ (Health Benefits Of Doing Bhujangasana)
पीठ दर्द में कारगर- अगर आप पीठ दर्द से परेशान रहते हैं या कमर का दर्द नहीं झेला जाता तो आपके लिए कोबरा आसन सबसे बेस्ट है। इस योग से पूरे रीढ़ की हड्डी का एरिया मजबूत होता है और उसमे लचीलापन आता है। इससे दर्द में बहुत आराम मिलता है और धीरे-धीरे दर्द गायब हो जाता है।
साइटिक दर्द से राहत- साइटिका के दर्द में भी कोबरा पोज यानी भुजांगासन बहुत लाभदायक होता है। इस आसन से दर्द में भी आराम मिलता है और साइटिका ठीक होने में भी मदद मिलती है।
स्ट्रेस रिलीज करने वाला- स्ट्रेस, एंग्जाइटी और डिप्रेशन से जूझ रहे तो भुजंगासन जरूर करें। इस आसन को करने से शरीर में हेप्पी हार्मोंस यानी डोपामेन जैसे हार्मोन सक्रिय हो जाते हैं। इसेस मानसिक विकार भी दूर होते हैं।
अस्थमा कंट्रोल होगा- कोबरा पोज में सीना फूलता है और इससे फेफड़ों की भी एक्सरसाइज होती है। इससे श्वांस से जुड़ी दिक्कते दूर होती हैं और अस्थमा और एलर्जी की समस्या भी कंट्रोल रहती है।
थायराइड कंट्रोल करने में कारगर- भुजंगासन थायरॉयड के साथ-साथ पैराथायरायड ग्रंथियों की कमियों को भी दूर करता है। यह गले के क्षेत्र और थायरॉयड ग्रंथि के स्वास्थ्य को पुनर्जीवित करने में भी मदद करता है।
किडनी के लिए अच्छा- भुजंगासन किडनी को सिकोड़कर रुके हुए रक्त को निकालने में मदद कर सकता है। ये पोज किडनी की कार्यक्षमता के साथ पूरे शरीर के स्वास्थ्य में सुधार कर सकता है।
पाचन प्रक्रिया को बढ़ाने वाला- कोबरा पोज गैस्ट्रिक जूस का उचित स्राव होता है, जो गैस्ट्रिक समस्याओं जैसे अपच, कब्ज आदि पर काम करता है। यह पेट के अंगों जैसे पेट, अग्न्याशय, लीवर और पित्ताशय की मालिश भी करता है।
गठिया से राहत-कोर्टिसोन अधिवृक्क ग्रंथियों द्वारा स्रावित एक हार्मोन है। भुजंगासन इस हार्मोन के सही स्राव को बनाए रखने और प्रोत्साहित करने में मदद करता है और गठिया को कम करने में बहुत उपयोगी पाया गया है।
डिस्क्लेमर- आर्टिकल में सुझाए गए टिप्स और सलाह केवल आम जानकारी के लिए दिए गए हैं और इसे आजमाने से पहले किसी पेशेवर चिकित्सक सलाह जरूर लें। किसी भी तरह का फिटनेस प्रोग्राम शुरू करने, एक्सरसाइज करने या डाइट में बदलाव करने से पहले अपने डॉक्टर से परामर्श जरूर लें।
Published on:
31 Mar 2022 10:12 am
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