20 जनवरी 2026,

मंगलवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

कैंसर के मरीजों के लिए जरूरी हैं ये बातें, जानें इनके बारे में

कैंसर का नाम सुनते ही इंसान तनाव में आ जाता है। यह रोग को और भी गंभीर बनाता है। कैंसर रोगियों से रोजाना एक घंटे सकारात्मक बातें की जाएं तो शारीरिक व मानसिक तौर पर स्थिति ठीक होने के साथ दवाएं भी 60 फीसदी अधिक असर करती हैं।

less than 1 minute read
Google source verification

जयपुर

image

Vikas Gupta

Jul 08, 2019

these-things-are-important-for-cancer-patients

कैंसर का नाम सुनते ही इंसान तनाव में आ जाता है। यह रोग को और भी गंभीर बनाता है। कैंसर रोगियों से रोजाना एक घंटे सकारात्मक बातें की जाएं तो शारीरिक व मानसिक तौर पर स्थिति ठीक होने के साथ दवाएं भी 60 फीसदी अधिक असर करती हैं।

कैंसर के मरीजों को मनोवैज्ञानिक सपोर्ट देना कितना जरूरी है ?

इन मरीजों को नकारात्मकता से बचाना बेहद जरूरी है क्योंकि ऐसे में स्थिति कैंसर की बजाय दिमागी रोगों से ज्यादा बिगड़ती है। इस दौरान मनोवैज्ञानिक सपोर्ट की जरूरत पड़ती है। जैसे ऐसे रोगियों से रोजाना एक घंटे सकारात्मक बातें की जाएं तो शारीरिक व मानसिक तौर पर स्थिति ठीक होने के साथ दवाएं भी 60 फीसदी अधिक असर करती हैं। शोधों में भी इसकी पुष्टि हुई है।

कब कराएं काउंसलिंग और कितनी है कारगर ?
कैंसर को लेकर लोगों में भ्रम है कि इसे होने के बाद मृत्यु तय है, लेकिन ऐसा नहीं है। अब नई तकनीकों से अधिकतर कैंसर का इलाज संभव है। ज्यादातर मरीज इस डर के कारण बहुत जल्द डिप्रेशन में आ जाते हैं। इस कारण दवा भी ठीक से असर नहीं करती। ऐसे में मरीज की काउंसलिंग जरूरी है।

तनाव में क्यों नहीं काम करती कैंसर की दवा ?
कैंसर के कारण पहले से ही शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता घट जाती है। तनाव या डिप्रेशन की स्थिति बनने पर कैंसर रोगियों में हार्मोंस का संतुलन बिगड़ने लगता है। मरीज को खाना न पचने की समस्या होती है व स्थिति और गंभीर हो जाती है।

कैसे करें मरीज की काउंसलिंग ?
मरीज को बताएं कि इस रोग का इलाज संभव है। उनसे बीते दिनों की अच्छी बातें व भविष्य की प्लानिंग पर चर्चा करें ताकि उनमें जीने की ललक बढ़े व अंदर से मजबूत हों। कैंसर का इलाज कराकर बीमारी मुक्त हो चुके लोगों के बारे में बताएं व इससे लड़कर जीवन पाने वाले लोगों की किताबें पढ़ने को दें।