
नई दिल्ली। मार्च के महीने में आम जनता को महंगाई के मोर्चे पर बड़ी राहत मिली है। मार्च महीने में सीपीआई आधारित महंगाई दर 4.44 फीसद से घटकर 4.28 फीसद पर आ गई है। इसके 4.20 फीसद पर आने का अनुमान लगाया गया था। सरकार के केंद्रीय सांख्यिकी विभाग की ओर से ये आंकड़े जारी किये गए हैं।
दालों की कीमत 13 फीसदी घटी
दालों के दाम एक साल पहले की तुलना में 13 प्रतिशत घटने और खाने-पीने के अन्य सामानों की महँगाई दर कम रहने से मार्च में खुदरा मूल्य सूचकांक आधारित मुद्रास्फीति की दर लगातार तीसरे महीने घटते हुये 4.28 प्रतिशत पर आ गयी। खुदरा महँगाई का यह पिछले साल अक्टूबर (3.58 प्रतिशत) के बाद का निचला स्तर है। इस साल फरवरी में खुदरा महँगाई 4.44 प्रतिशत और पिछले साल मार्च में 3.89 प्रतिशत दर्ज की गयी थी। केंद्रीय सांख्यिकी कार्यालय द्वारा जारी आँकड़ों के अनुसार, खाद्य पदार्थों की खुदरा महँगाई दर 2.81 प्रतिशत रही। यह भी पिछले साल अक्टूबर के बाद का निचला स्तर है। इस साल फरवरी में खाद्य खुदरा महँगाई 3.26 प्रतिशत और पिछले साल मार्च में 2.01 प्रतिशत रही थी। आँकड़ों में कहा गया है कि पिछले साल मार्च की तुलना में इस साल मार्च में दालों तथा उनके उत्पादों के दाम 13.41 प्रतिशत घटे। चीनी तथा कंफेक्शनरी उत्पादों की कीमतों में 1.61 प्रतिशत और मसालों में 0.07 प्रतिशत की गिरावट रही।
ग्रामीण और शहरी दोनों जगह घटी महंगाई
मार्च महीने के दौरान शहरी और ग्रामीण दोनों जगह महंगाई में कमी दर्ज की गई है। ग्रामीण क्षेत्र की महंगाई दर 4.45 फीसदी से घटकर 4.4 फीसदी पर आ गई है। वहीं शहरी क्षेत्र की महंगाई दर 4.52 फीसदी से घटकर 4.12 फीसदी पर आ गई है।
खाने-पीने की चीजें हुई सस्ती
खाने-पीने की चीजों की बात करें तो मार्च महीने के दौरान खाद्य महंगाई 3.26 फीसदी से घटकर 2.81 फीसदी पर आ गई है। खाने पीने की चीजों के दाम सस्ते होने के चलते कुल महंगाई दर में भी कमी दर्ज की गई है।
Published on:
12 Apr 2018 06:26 pm
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