7 अप्रैल 2026,

मंगलवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

एंटीगुआ में छुपा है मेहुल चोकसी, 1.3 करोड़ में खरीद ली नागरिकता

पीएनबी घोटाला मामले में आरोपी और भगोड़ा करारा दिए जा चुके नीरव मोदी और मेहुल चोकसी की तलाश सीबीआई जोरो से कर रही है। खबरे है की नीरव मोदी न्यू यर्क में है तो वहीं मेहुल चोकसी अमेरिका से एंटीगुआ चला गया है।

2 min read
Google source verification
mehul choksi

एंटीगुआ में छुपा है मेहुल चोकसी, 1.3 करोड़ में खरीद ली नागरिकता

नई दिल्ली। पीएनबी घोटाला मामले में आरोपी और भगोड़ा करारा दिए जा चुके नीरव मोदी और मेहुल चोकसी की तलाश सीबीआई जोरो से कर रही है। खबरे है की नीरव मोदी न्यू यर्क में है तो वहीं मेहुल चोकसी अमेरिका से एंटीगुआ चला गया है। सीबीआई ने एंटीगुआ के अधिकारियों को पत्र लिखकर मेहुल चोकसी के ठीकाने के बारे में जानकारी भी मांगी हैं। लेकिन कुछ रिपोर्ट की माने तो मेहुल चोकसी ने सिर्फ1.3 करोड़ में अपनी आजादी खरीद ली है। चोकसी ने कैरेबियाई देश एंटीगा के पासपोर्ट के लिए 1.3 करोड़ चुकाए हैं और वहां का नागरिक भी बन गया है।

1.3 करोड़ रुपए में हासिल किया पासपोर्ट

एंटीगा और बारबूडा का पासपोर्ट हासिल करने के लिए एंटीगा नेशनल डेवलपमेंट फंड को 20 मिलियन डॉलर यानी की लगभग 1.3 करोड़ चुकाने पड़ते हैं। ऐसे में करोड़ो का स्कैम कर चुके मेहुल चोकसी के लिए 1.3 करोड़ रुपए चुकाना बड़ी बात नहीं है। खबरे है की मेहुल चोकसी ने बड़ी ही आसानी से ये रकम चुका कर वहां का पासपोर्ट हासिल कर लिया हैं।

कई कैरेबियाई देश भगोड़ो के लिए वरदान

बता दें की ऐसे कई कैरेबियाई देश हैं, जहां की नागरिकता हासिल करना कोई बड़ी बात नहीं है। ऐसे कई कैरेबियाई देश है जहां की नागरिकता को आप पैसों से खरीद सकते हैं। बस आपकों करना ये होता है की इन देशों की सरकारों के फंड में आपको कुछ पैसे जमा करने होते है फिर आप वहां के नागरिक बन जाते हैं, और फिर आपके हाथों में उस देश का पासपोर्ट होता हैं। इसमें सिर्फ कुछ महीनों का ही वक्त लगता हैं। खास बात यह है की इन देशों में नागरिकता हासिल करने के लिए अपनी पहली नागरिकता छोड़ने की घोषणा भी नहीं करनी पड़ती, जिससे इन्हें और आसानी होती है। ऐसे ही देश नीरव मोदी , मेहुल चोकसी और विजय माल्या जैसे भगोड़ो के लिए वरदान साबित होते हैं, और वो लोग करोड़ो का लोन लेकर या घोटाला करके देश से भाग जाते हैं। देश से भागने के बाद ऐसे देश इन भगोड़ो का सहारा बनते हैं। फिर ये लोग बड़ी ही आसानी से यहां रहने लगते हैं।