5 अप्रैल 2026,

रविवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

“केरला फाइल्स और धुरंधर जैसी फिल्में झूठ हैं” केरल में रैली पर बोले PM मोदी

PM Narendra Modi in Thiruvalla: केरल में आयोजित एक रैली के दौरान पीएम नरेंद्र मोदी ने हाल ही में बनी फिल्मों जैसे "केरला फाइल्स" और "धुरंधर" को लेकर अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त की।

2 min read
Google source verification
"केरला फाइल्स और धुरंधर जैसी फिल्मे झूठ हैं" केरल में रैली पर बोले PM मोदी

पीएम नरेंद्र मोदी ने केरला फाइल्स और धुरंधर को लेकर अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त की। (फोटो सोर्स: IMDb)

PM Narendra Modi in Thiruvalla: केरल विधानसभा चुनावों में शनिवार को कई बॉलीवुड हिट फिल्मों की एंट्री हुई। पथनमथिट्टा के तिरुवल्ला में आयोजित एक बड़ी चुनावी जनसभा को संबोधित करते हुए पीएम नरेंद्र मोदी ने कांग्रेस, यूडीएफ और एलडीएफ पर जमकर हमला बोला। उनका मानना था कि ये सभी राजनीतिक दल फिल्मों के सहारे झूठ फैलाने का काम कर रहे है।

धुरंधर जैसी फिल्मों को लेकर भी विपक्षी दलों द्वारा फैलाई गई झूठी बातें

पीएम मोदी ने कहा कि जब नागरिकता संशोधन कानून (CAA) लागू किया गया था, तब विरोध करने वालों ने ज्यादा झूठ बोले, जबकि आज देश में इसका कोई नुकसान नहीं हुआ है। इसके साथ ही, उन्होंने केरल स्टोरी, कश्मीर फाइल्स और हाल ही में रिलीज हुई धुरंधर जैसी फिल्मों को लेकर भी विपक्षी दलों द्वारा झूठी बातें फैलाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि FCRA और यूनिफॉर्म सिविल कोड को लेकर भी गलत जानकारी दी जा रही है।

इतना ही नहीं, पीएम मोदी ने आगे कहा कि गोवा में लंबे समय से यूनिफॉर्म सिविल कोड लागू है और इससे वहां कोई समस्या नहीं हुई है। उन्होंने विपक्षी दलों पर भ्रष्टाचार और सांस्कृतिक आस्था और कला को नुकसान पहुंचाने की कोशिश है। खासकर सबरीमाला मंदिर से जुड़ा मुद्दा उठाते हुए कहा कि पहले मंदिर की इज्‍जत को बदनाम करने की साजिश की गई और अब वहां हुई चोरी और लूट के मामले में कांग्रेस के नेताओं का नाम जुड़ा हुआ है। एलडीएफ सरकार इस मामले की जांच सीबीआई को सौंपने से बच रही है।

जनता की उम्मीदें तय करेगा कि राज्य की सरकार कौन बनाएगा

एक बार फिर पीएम मोदी ने दोहराया कि नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में एनडीए सरकार बनने पर एलडीएफ और यूडीएफ को उनके गुनाहों की सजा मिलेगी और जो भी लूटा है उन्हें किसी भी किमत पर लौटाना पड़ेगा। बता दें कि केरल विधानसभा चुनाव 9 अप्रैल को होने वाला है। राज्य में सत्ता फिलहाल एलडीएफ के हाथ में है और इस चुनाव में मुख्य मुकाबला एलडीएफ और यूडीएफ के बीच माना जा रहा है। बीजेपी भी इस क्षेत्र में अपनी पकड़ मजबूत करने की कोशिश कर रही है और इस बार अकेले चुनाव लड़ रही है।

दरअसल, ये चुनाव केरल की राजनीति में बदलाव की दिशा तय कर सकता है और राजनीतिक दलों के बीच खुली टक्कर देखने को मिलेगी। जनता की उम्मीदें और उनके वोट का असर ही तय करेगा कि राज्य की सरकार कौन बनाएगा।