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भाजपा समर्थक मुस्लिमों को भारत माता की जय बोलने से नहीं है कोई एतराज?

कार्यकर्ताओं के बीच पार्टी अल्पसंख्यक इकाई के सैकड़ों समर्थक भी मौजूद थे।  
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इटावा

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Ashish Kumar Pandey

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Updated: 6 Apr 2019, 5:21 PM IST

etawah

भाजपा समर्थक मुस्लिमों को भारत माता की जय बोलने से नहीं है कोई एतराज?

इटावा. देशभर में भारत माता की जय बोलने पर मुस्लिम तबका एक मत नहीं है इसके बावजूद उत्तर प्रदेश के इटावा के मुसलमानो को भारत माता की जय बोलने में कोई एतराज नजर नहीं आता है।
नरेंद्र मोदी की अगुवाई में केंद्र में जब से भारतीय जनता पार्टी की सरकार काबिज हुई है, तब से सारे देश से इस तरह की खबरें भारत माता की जय बोलने के नारे को लेकर के सामने आती हुई दिखाई दे रही है कि मुस्लिम तबके के लोग इस नारे से दूरी बनाना चाहते हैं और उनको भारत माता की जय बोलने से भी खासा एतराज है। देश के बड़े-बड़े मुस्लिम नेता भारत माता की जय बोलने को लेकर भी एक दूसरे पर कटाक्ष करते हुए देखे जाते हैं। जहां भारतीय जनता पार्टी के नेता भारत माता की जय बोलने और बुलवाने में अपनी बाहवाई समझते हैं तो वहीं मुस्लिम तबके के लोग इस नारे से दूरी बनाते हैं उनका तर्क है कि वह भारत माता की जय नहीं बोल सकते हैं।
इटावा में भारतीय जनता पार्टी के उम्मीदवार डाक्टर रामशंकर कठेरिया ने नामांकन किया। इस दौरान पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र नाथ पांडे भी मौजूद थे। महेंद्र नाथ पांडेय के स्वागत के लिए भारतीय जनता पार्टी के दूरदराज के ढेरों कार्यकर्ता उमड पड़े। इन्हीं कार्यकर्ताओं के बीच भारतीय जनता पार्टी अल्पसंख्यक इकाई के सैकड़ों समर्थकों के साथ में आ पहुंचे। भारतीय जनता पार्टी अल्पसंख्यक सेल के अध्यक्ष मोहम्मद जफर अंसारी तमाम समर्थकों के साथ में आए हुए थे। जुमे की नमाज के बाद में सीधे मोतीझील मे आयोजित सभा स्थल पर पहुंचते हुए भारतीय जनता पार्टी जिंदाबाद भारत माता की जय के नारे मुस्लिम तबके के भारतीय जनता पार्टी समर्थक लगाने में जुट गए। यह देख कर के हर कोई हैरत में पड गया, लेकिन कोई कुछ भी बोल नहीं सका।
भारत माता की जय भारतीय स्वाधीनता संग्राम के दौरान सर्वाधिक प्रयुक्त होने वाला नारा था। भारत माता की वंदना करने वाली यह उक्ति हर द्वोष के साथ स्वाधीनता संग्राम के सिपाहियों में नए उत्साह का संचार करती थी। आज भी इस नारे का प्रयोग राष्ट्रप्रेम या राष्ट्र निर्माण से जुड़े अवसरों, कार्यक्रमों एवं आंदोलनों में किया जाता है।