7 अप्रैल 2026,

मंगलवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

करवा चौथ 2019 : व्रती महिलाएं इस शुभ मुहूर्त में ऐसे करें पूजा

Karwa Chauth : Puja Shubh Muhurat 17 october 2019 : व्रती महिलाएं इस शुभ मुहूर्त में ऐसे करें पूजा

2 min read
Google source verification

भोपाल

image

Shyam Kishor

Oct 15, 2019

करवा चौथ 2019 : व्रती महिलाएं इस शुभ मुहूर्त में ऐसे करें पूजा

करवा चौथ 2019 : व्रती महिलाएं इस शुभ मुहूर्त में ऐसे करें पूजा

कार्तिक मास के कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि को विवाहित सुहागिन महिलाएं करवा चौथ का निर्जला व्रत रखकर पूजा करती है। करवा चौथ का पर्व इस साल 2019 में 17 अक्टूबर दिन गुरवार को है। सुहागिन महिलाओं के लिए करवा चौथ का बहुत बड़ा महत्व है जिसे देश के लगभग सभी राज्यों में सुहागिन महिलाएं अपने पति की लंबी आयु की कामना से रखती है। आजकल कुछ कुंआरी लड़कियां भी योग्य जीवन साथी की कामना से करवा चौथ का व्रत रखती है। जानें करवा चौथ पूजन करने का शुभ मुहूर्त एवं पूजा विधि-विधान।

करवा चौथ के दिन व्रत करने वाली महिलाएं भूलकर भी न करे ऐसे काम, नहीं तो...

करवा चौथ व्रत विधि

महिलाएं करवा चौथ का व्रत निर्जला रखती है, सुबह से रात को चांद दिखने तक कुछ भी खाती-पीती नहीं। सूर्यास्त के बाद सुहागिन महिलाएं विशेष रूप से करवा माता की पूजा अर्चना करने के बाद बाद आकाश में चंद्रमा को देखकर अर्घ्य देती है और अपने पति के हाथ से पानी पीकर इस व्रत तोड़ती है।

करवा चौथ : अमर सुहाग की कामना से ऐसे करें करवा माता का पूजन, होगी हर इच्छा पूरी

करवा चौथ पर यह जरूर करें

इस व्रत को करने वाली महिलाओं, कुवांरी लड़कियों को दिन भर खुश रहना चाहिए, साथ ही पति भी इस बात का ध्यान रखे की जो पत्नी आपकी लंबी आयु की कामना से निर्जला उपवास रख रही है उसे हर संभव खुश रखें। इस दिन महिलाएं घर की बड़ी अपनी सास, ननंद या अन्य बड़ी महिलाओं को सुहाग की सामग्री भेंट भी करती है। इस दिन किसी भी स्थिति में सफेद चीजों को दान में देने से बचना चाहिए। सोलह श्रृंगार करें। नुकली चीजों का उपयोग करने से बचें।

25 अक्टूबर को है धनतेरस, ऐसे घर आएंगी माँ लक्ष्मी

करवा चौथ पूजन समय

1- करवा चौथ 17 अक्टूबर 2019 दिन गुरुवार।

2- करवा माता की विधिवत पूजा व्रती महिलाएं सूर्यास्त के समय 6 बजकर 16 मिनट से रात 8 बजकर 27 मिनट के बीच कर सकती है।

3- करवा माता की पूजा में जो दीपक जलावें उसे चांद के दिखाई देने तक प्रज्वलित ही रखें।

4- चांद के दर्शन होने पर चांद और अपने पति का पूजन करने के बाद अपने पति से जल ग्रहण कर अपना व्रत खोले।

*********