scriptCoronavirus Impact: A Survey claims 43% women enterprises get affected | Coronavirus Impact : आर्थिक संकट से जूझ रहीं महिला कामगार, 43% कंपनियों को हुआ नुकसान | Patrika News

Coronavirus Impact : आर्थिक संकट से जूझ रहीं महिला कामगार, 43% कंपनियों को हुआ नुकसान

  • Coronavirus impact on SME: लॉकडाउन के दौरान बिक्री प्रभावित होने से बिजनेस चलाने में हो रही दिक्कत
  • बिजनेस को बचाने के लिए कई महिलाओं ने खुद की जुटाई धनराशि को किया इंवेस्ट

नई दिल्ली

Published: December 03, 2020 01:59:46 pm

नई दिल्ली। कोरोना काल (Coronavirus Pandemic) के दौरान देश की अर्थव्यवस्था को काफी नुकसान पहुंचा है। लॉकडाउन (Lockdown) के चलते काफी अरसे तक दुकानों और फैक्ट्रियों के बंद रहने से व्यापर पूरी तरह से ठप हो गया था। वक्त के साथ हालात में सुधार हो रहे हैं, लेकिन अभी तक गाड़ी पूरी तरह से पटरी पर नहीं लौट सकी है। इन दिनों सबसे ज्यादा नुकसान महिला उद्यमियों (Women Entreprenuur) को हुआ है। क्योंकि ज्यादातर महिलाएं अपनी जमापूंजी इकट्ठा करके कुटीर उद्योग चलाती थीं, लेकिन लॉकडाउन के बाद से इनका काम चौपट हो गया है। इस बात की पुष्टि एक सर्वे में भी हुई है।
mahila1.jpg
Coronavirus impact on SME
ग्लोबल अलायंस फॉर मास इंटरप्रेन्योरशिप और क्रेया यूनिवर्सिटी की लीड संस्था (नॉन प्रॉफिट रिसर्च ऑर्गेनाइजेशन) के सहयोग से हुए सर्वे में पता चला कि कोरोना काल में महिलाओं द्वारा चलाए जा रहे करीब 43% इंटरप्राइजेस को सबसे ज्यादा नुकसान हुआ है। इस दौरान उन्हें हर महीने 10,000 से भी कम का फायदा हुआ है। चूंकि महिलाओं की ओर से बनाए गए उत्पाद पर पहले से ही बहुत कम मार्जिन के साथ बाजार में बेचा जाता है। ऐसे में लॉकडाउन में हुई कम बिक्री से उनका प्रोफिट बहुत कम हो गया है। कई की तो हालत ऐसी है कि उनका लागत निकल पाना भी काफी मुश्किल है।
संस्था की ओर से सर्वे की शुरुआत मई 2020 में की गई थी। इसमें उन्होंने जुलाई से अगस्त के बीच लगभग 1,800 उद्योगों के डाटा का अध्ययन किया। इसमें दिल्ली, हरियाणा, पंजाब, उत्तर प्रदेश, तमिलनाडु, गुजरात, महाराष्ट्र और राजस्थान को शामिल किया गया। ये सर्वे जनवरी 2021 तक जारी रखा जाएगा जिससे स्थिति और ज्यादा स्पष्ट हो सके।
खुद की जुटाई रकम को लगाया
सर्वे में यह भी पता चला कि बिक्री प्रभावित होने से छोटे उद्योगों को चलाना मुश्किल हो गया। ऐसे में दो तिहाई महिलाओं ने बिजनेस को जारी रखने के लिए अपनी बचत की हुई धनराशि का उपयोग किया। महिलाओं का मानना था कि खर्च के बढ़ने और कर्मचारियों को सैलरी देने के चलते उन्हें ये कदम उठाना पड़ा।
बिना सहयोग के खुद चलाती हैं बिजनेस
महिलाओं को स्वरोजगार के लिए बढ़ावा देने के लिए वैसे तो सरकार कई तरह की स्कीम्स चलाती है। जिसके तहत उन्हें उचित दर पर लोन एवं अन्य आर्थिक सहायता मुहैया कराई जाती है। इसके अलावा दूसरी कई संस्थाएं भी निजी तौर पर इसमें मदद करती है। मगर करीब 40% उद्योग महिलाएं बिना किसी के सहयोग से खुद ही संचालित करती हैं, वहीं 18% पुरुष इस तरह के उद्योग चलाते हैं।

सबसे लोकप्रिय

शानदार खबरें

Newsletters

epatrikaGet the daily edition

Follow Us

epatrikaepatrikaepatrikaepatrikaepatrika

Download Partika Apps

epatrikaepatrika

Trending Stories

Weather. राजस्थान में आज 18 जिलों में होगी बरसात, येलो अलर्ट जारीसंस्कारी बहू साबित होती हैं इन राशियों की लड़कियां, ससुराल वालों का तुरंत जीत लेती हैं दिलशुक्र ग्रह जल्द मिथुन राशि में करेगा प्रवेश, इन राशि वालों का चमकेगा करियरउदयपुर से निकले कन्हैया के हत्या आरोपी तो प्रशासन ने शहर को दी ये खुश खबरी... झूम उठी झीलों की नगरीजयपुर संभाग के तीन जिलों मे बंद रहेगा इंटरनेट, यहां हुआ शुरूज्योतिष: धन और करियर की हर समस्या को दूर कर सकते हैं रोटी के ये 4 आसान उपायछात्र बनकर कक्षा में बैठ गए कलक्टर, शिक्षक से कहा- अब आप मुझे कोई भी एक विषय पढ़ाइएUdaipur Murder: जयपुर में एक लाख से ज्यादा हिन्दू करेंगे प्रदर्शन, यह रहेगा जुलूस का रूट

बड़ी खबरें

Maharashtra Politics: शिवसेना के संसदीय दल में भी बगावत? उद्धव ठाकरे ने भावना गवली को चीफ व्हिप के पद से हटायाMukhtar Abbas Naqvi ने मोदी कैबिनेट से दिया इस्तीफा, बनेंगे देश के नए उपराष्ट्रपति?काली पोस्टर विवाद में घिरीं महुआ मोइत्रा के समर्थन में आए थरूर, कहा- 'हर हिन्दू जानता है देवी के बारे में'Good News: राजस्थान में अग्निपथ योजना के आवेदन शुरू, सबसे पहले इन जिलों में है भर्तीयूपी को बड़ी सौगात, काशी को 1800 करोड़ की परियोजनाओं की सौगात देंगे पीएम Modi, बुंदेलखंड एक्सप्रेस वे का करेंगे लोकार्पणचौथी लहर के खतरे के बीच सरकार ने घटाई कोरोना के बूस्टर डोज की समयसीमा, अब 6 महीने बाद ही लगवा सकते हैं वैक्सीनPune News: पुणे और पिंपरी चिंचवाड़ में पिछले 2 सालों में एक हजार से अधिक लोगों की टीबी से हुई मौत, यहां देखें आंकड़ेDelhi Shopping Festival: सीएम अरविंद केजरीवाल का बड़ा ऐलान, रोजगार और व्यापार को लेकर अगले साल होगा महोत्सव
Copyright © 2021 Patrika Group. All Rights Reserved.