अगर आप शेयर बाजार को अच्छी तरह नहीं समझते हैं तो निवेश के लिए म्युुचुअल फंड का रास्ता अख्तियार करें। ध्यान रखिए कि सीधे तौर पर इक्विटी में निवेश करना न केवल जटिल है, बल्कि इसकी लागत भी अधिक होती है। शेयर बाजार में सीधे निवेश करने से पहले निवेशकों को कई बातों, जैसे किसी शेयर का प्रदर्शन बुरा चल रहा है या अच्छा, डी-लिस्टिंग आदि का ध्यान रखना होता है। इसके अलावा, कुछ शेयरों की कीमतें बहुत अधिक होती हैं। इस वजह से भी कई निवेशक ऐसे शेयरों की खरीदारी नहीं कर पाते। इसलिए छोटे और खुदरा निवेशकों के लिए सबसे अच्छा जरिया म्युचुअल फंड्स हैं। इसके कई और भी लाभ हंै- जैसे डाइवर्सिफिकेशन यानी आप कई फंडों में निवेश करके जोखिम को कम कर देते हैं। इसके अलावा म्युचुअल फंडों का प्रबंधन पेशेवर लोगों द्वारा किया जाता है, जिससे निवेशकों का पैसा ज्यादा सुरक्षित रहता है। इसके अलावा म्युुचुअल फंड के रास्ते आप कम पैसों के निवेश की सुविधा, कर-सक्षमता और शेयर बाजार की दैनिक गतिविधियों को ट्रैक करने से भी राहत प्राप्त कर लेते हैं।