
भू अभिलेख शाखा छतरपुर
भू-अधिकार पुस्तिका के पहले पेज व दूसरे पेज के लिए दरें भी तय
छतरपुर. किसानों को भू-अधिकार पुस्तिका उपलब्ध कराने के लिए राजस्व विभाग ने दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। जारी निर्देशों के तहत अब नवीन भू-अधिकार पुस्तिका कम्प्यूटरीकृत रूप में ही जरी होगी। पूर्व में जारी भू-अधिकार पुस्तिका यथावत प्रचलन में रहेगी, परन्तु, नवीन भू-अधिकार पुस्तिका कम्प्यूटरीकृत रूप में ही जारी होगी। भू-अधिकार पुस्तिका के प्रथम पृष्ठ के लिए 30 रुपए एवं अतिरिक्त प्रति पृष्ठ 15 रुपए शुल्क निर्धारित है।
पोर्टल पर मिलेगी सुविधा
भू-अधिकार पुस्तिका शुल्क अदा करने पर भू-लेख पोर्टल पर ऑनलाइन, आईटी सेन्टर, लोक सेवा केंद्र एवं शासन द्वारा प्राधिकृत सेवा प्रदाता से प्राप्त की जा सकेगी। मध्यप्रदेश भूराजस्व संहिता नियम-2020 के प्रावधान अनुसार भू-सर्वेक्षण के बाद प्रथमवार भू-अधिकार पुस्तिका संबंधित भूमिस्वामी को नि:शुल्क प्रदाय की जाएगी। इसके अतिरिक्त भू-राजस्व संहिता 1959 के अंतर्गत विनिर्मित नियमों में जहां भी भू-अधिकार पुस्तिका नि:शुल्क जारी करने का प्रावधान है। संबंधित व्यक्ति को पुस्तिका नि:शुल्क दी जाएगी। नि:शुल्क दी जाने वाली पुस्तिका जारी करने के लिए तहसीलदार को भू-लेख पोर्टल पर लॉगिन कर अपने लॉगिन से भू-अधिकार पुस्तिका का प्रिंट जारी करने का अधिकार होगा।
फोटो की भी है व्यवस्था
पुस्तिका के प्रथम पृष्ठ पर संबंधित भूमि स्वामी की समग्र आईंडी डाला जाना जरूरी है। पुस्तिका पर भूमि स्वामी का फोटो मुद्रित होगा। यदि भूमिस्वामी का प्रकार निजी संस्था है, तो भू-अधिकार पुस्तिका पर समग्र आईडी एवं फोटो की आवश्यकता नहीं होगी। यदि संबंधित कृषक का फोटो भू-लेख पोर्टल के डाटाबेस में उपलब्ध है तो उसे भू-अधिकार पर कृषक से सत्यापित कराया जाकर मुद्रित कराया जाएगा यदि कृषक का फोटो भू-लेख पोर्टल के डाटाबेस में उपलब्ध नहीं है अथवा भू-लेख पोर्टल पर उपलब्ध फोटो से वह संतुष्ट नहीं है तो संबंधित कृषक के आधार के माध्यम से उसे प्राप्त किया जाएगा। इस प्रकार प्राप्त फोटो को संबंधित पटवारी से सत्यापित भी कराया जाएगा। यदि कृषक के पास आधार नम्बर नहीं है अथवा वह आधार नम्बर प्रदाय नहीं कर रहा है तो ऐसी स्थिति में कृषक का फोटो ऑनलाइन आवेदन करते समय लिय जाकर पटवारी से सत्यापित कराया जाएगा। पटवारी को तीन दिन में फोटो सत्यापित करना अनिवार्य होगा। यदि इस अवधि में पटवारी द्वारा कृषक के फोटो को सत्यापित अथवा अमान्य नहीं किया जाता है तो यह मानकर कि आधार ईकेवाईसी से प्राप्त अथवा कृषक द्वारा प्रदाय फोटो सही है। भू-अधिकार पुस्तिका जारी की जाएगी।
Updated on:
07 Jul 2024 05:44 pm
Published on:
07 Jul 2024 05:44 pm
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